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ठेका कंपनी ने बदला बिजली बिल फॉर्मेट:ग्राफ से बताएंगे वर्तमान और पिछला उपभोग, भुगतान की शर्तों को 10 से बढ़ाकर 15 किया

बांसवाड़ा4 महीने पहले
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डेमाे पिक। - Dainik Bhaskar
डेमाे पिक।

मासिक बिजली बिल की खामियों को दूर करने के साथ ही ठेका एजेंसी अब इसमें लिखी शर्तें भी बढ़ा रही है। वर्तमान उपभोग के साथ बिल माह के पिछली खपत को समझाने के लिए ग्राफ का सहारा लिया जा रहा है। इस कड़ी में खुद को सुरक्षित करने के लिए ठेका एजेंसी ने भुगतान संबंधी शर्तों को 10 से बढ़ाकर 15 कर दिया है।

इसी प्रकार बिल के साथ में वसूली जाने वाली राशि एवं विवरण कोड की संख्या को 11 से बढ़ाकर 20 कर दिया गया है। पुराने फॉर्मेट के भुगतान संबंधी कायदों की क्रम संख्या 8 में ठेका एजेंसी की ओर से उपभोक्ता टोल फ्री नंबर दिया गया है।

इसी तरह के कुछ अन्य बदलाव किए गए हैं। ताकि उपभोक्ता आसानी से बिल में वसूली गई राशि का विवरण समझ सके। गौरतलब है कि ठेका एजेंसी की ओर से हाल ही में उपभोक्ताओं से औसत बिल के हिसाब से वसूली की जा रही थी।

इसमें मोबाइल मैसेज, सर चार्ज जैसी ढेरों समस्याएं सामने आई थी। लोगों के विरोध के बीच राज्यमंत्री अर्जुन बामनिया, जिला कलेक्टर अंकित कुमार सिंह और सभापति जैनेंद्र त्रिवेदी के हस्तक्षेप के बाद ठेका एजेंसी को सभी उपभाेक्ताओं तक बिल पहुंचाने के लिए दबाव बना था। इस बीच यहां नए बिल को भेजने से पहले विशेष तैयारियां की जा रही हैं।
भुगतान के तरीके
नए बिल के साथ में उपभोक्ताओं को बिल राशि जमा कराने के कायदे भी बताए गए हैं। नकद, चैक या फिर डिमांड ड्राफ्ट के अलावा इसमें ठेका एजेंसी की ओर से विशेष वेबसाइट दी गई है। वहीं मोबाइल एप और ई-मित्र से बिल जमा कराने को कहा गया है।

इसमें पोस्ट डेटेट भुगतान के लिए चैक सुविधा को समाप्त कर दिया गया है। वहीं चैक भी चार कार्य दिवस से पूर्व जमा कराने को कहा गया है। बाउंस होने वाले चैक के मामले में सख्ती दर्शाई गई है। स्पष्ट किया गया है कि एक बार चैक बाउंस होने वाले उपभोक्ता से उस वित्तीय वर्ष में दुबारा से चैक नहीं लिया जाएगा। नए बिल की शर्त में उपभोक्ता के सुझाव को 15 क्रम में स्थान दिया गया है, जबकि पुराने बिल में यह क्रम 9 पर था।
सरचार्ज का प्रतिदिन में बंटवारा
ठेका एजेंसी की ओर से पहली बार जारी मई माह के मासिक बिल में दो माह का सरचार्ज एक साथ वसूले जाने के आरोप लगे थे। इस खामी को दूर करने के लिए एजेंसी ने निगम के पुराने बिल को आधार बनाया। दो माह के सरचार्ज को 60 से भाग देकर प्रतिदिन में बांट दिया है। ऐसे में अब उपभोक्ताओं के पास जो बिल पहुंचेगा। उसमें महीने और दो महीने के सरचार्ज की समस्या खत्म हो जाएगी। यहां जितने दिन का बिल होगा। उतने ही दिन का सरचार्ज भी साथ जुड़कर आएगा।
बेहतर के प्रयास
एवीवीएनएल के अधीन सेवाएं दे रही सिक्योर मीटर (एजेंसी) के स्थानीय मैनेजर अमित चौहान की मानें तो उनकी कंपनी उपभोक्ताओं को कुछ बेहतर देने की कोशिश है। बिल के माध्यम से उपभोक्ताओं को सारी चीजें क्लीयर हो जाएं तो समस्याएं कम हो जाएंगी। सरचार्ज भी प्रतिदिन के हिसाब से लगेगा। दो माह के सरचार्ज की वसूली मासिक बिल में होने वाले विवाद को उन्होंने मनगढ़ंत बताया।

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