भावुक हैं गणेश घोघरा:मंत्री मालवीया बोले- घोघरा का इस्तीफा मंजूर नहीं होगा, खोड़निया राज्यसभा में जाएंगे, यह आलाकमान तय करेगा

बांसवाड़ा3 महीने पहले
महेंद्रजीतसिंह मालवीया। - Dainik Bhaskar
महेंद्रजीतसिंह मालवीया।

डूंगरपुर MLA गणेश घोघरा को लेकर वागड़ में कांग्रेस की राजनीति गरमाई हुई है। कांग्रेस के चिंतन शिविर के बाद विवादों में आए गणेश घोघरा को लेकर सरकार और उनके मंत्री क्या सोचते हैं इस बारे में दैनिक भास्कर ने जल संसाधन मंत्री महेंद्रजीतसिंह मालवीया से बात की। मालवीया ने कहा, मुख्यमंत्री को इस्तीफा देना MLA घोघरा की व्यक्तिगत राय है, लेकिन वे आश्वस्त हैं कि घोघरा का इस्तीफा मंजूर नहीं होगा। पट्‌टों को लेकर एक अधिकारी से MLA टकराव हुआ। प्रशासनिक अधिकारियों के संगठन ने लामबंद होकर मामले में मुकदमा दर्ज करवा दिया। इससे MLA घोघरा को लगा कि प्रशासिक अधिकारी, जिलाध्यक्ष दिनेश खोड़निया के कहने से ऐसा कर रहे हैं, जबकि ऐसी कोई बात नहीं है।

मालवीया ने कहा कि जहां तक राज्यसभा में दिनेश खोड़निया को भेजने और नहीं भेजने का विषय है ये काम आलाकमान करेगा। राष्ट्रीय स्तर पर ही ये तय होगा कि कौन राज्यसभा में जाएगा। MLA घोघरा ऊर्जावान होने के साथ लंबी रेस के घोड़े हैं। उन्हें अभी बहुत लंबा चलना है। वह खुद घोघरा के टच में बने हुए हैं। इसके अलावा संगठन के स्तर पर इस मामले को निपटा लिया जाएगा। घोघरा उनके परिवार का हिस्सा हैं और परिवार के विवाद को मिल बैठकर निपटा दिया जाएगा। दोनों नेताओं की ओर से आरोप-प्रत्यारोप जरूर हो रहा है, लेकिन मैं समझता हूं कि दोनों नेता उनकी-उनकी जगह पर सही हैं।

सफल रहा चिंतन शिविर

मंत्री मालवीया ने कहा कि चिंतन शिविर से इस पूरे मामले का कोई लेना देना नहीं है। ये लड़ाई पट्‌टों को लेकर शुरू हुई है। चिंतन शिविर पूरी सफलता के साथ पूरा हुआ है। राहुल गांधी की रैली में वागड़ के डेढ़ लाख लोग शामिल हुए। जनता के मन में कांग्रेस को लेकर भाव हैं और जनता कांग्रेस को चाहती है।