दर-दर भटक रहा SDM का परिवार:800 किमी दूर से चलकर आई पत्नी और बच्चे, क्वार्टर बंद कर गायब हुए आनंदपुरी SDM

बांसवाड़ा6 महीने पहले

पिता के साथ दिवाली मनाने के लिए 800 किलोमीटर दूर पिलानी से बांसवाड़ा पहुंचा आनंदपुरी SDM छोटूलाल शर्मा का परिवार दर-दर की ठोकरें खा रहा है। परिवार के बांसवाड़ा पहुंचने की सूचना पर SDM सरकारी क्वार्टर पर ताला लगाकर गायब हो गए। इसके बाद पत्नी पूनम शर्मा 12 साल की बेटी और 7 साल के बेटे के साथ बांसवाड़ा में भटक रही है।

बच्चों को पिता से मिलने की आतुरता है तो पत्नी सभी विवादों को छोड़कर उनके साथ रहना चाहती है, लेकिन SDM शर्मा उनसे मिलना नहीं चाहते। बुधवार दोपहर को SDM के बच्चे एक बार फिर पुराना बस स्टैंड से प्राइवेट बस पकड़कर आनंदपुरी के लिए रवाना हुए हैं। ये सोचकर कि आज उनकी पिता से मुलाकात हो जाएगी। इससे पहले पीड़ित पत्नी ने मामले में जिला कलेक्टर अंकित कुमार सिंह से मुलाकात की। उन्होंने पर्सनल मेटर बताकर दखलंदाजी से इनकार कर दिया।

बांसवाड़ा SP राजेश कुमार मीणा ने पीड़ितों को मामला दर्ज कराने की सलाह दी। आनंदपुरी थानाधिकारी की ओर से महिला का सहयोग किया गया। बच्चों का आरोप है कि SDM शर्मा ने उनका मोबाइल नंबर ब्लैक लिस्ट में डाला हुआ है।

पुराना बस स्टैंड से प्राइवेट बस पकड़कर बुधवार को आनंदपुरी जाता SDM का परिवार।
पुराना बस स्टैंड से प्राइवेट बस पकड़कर बुधवार को आनंदपुरी जाता SDM का परिवार।

पीड़िता बोली तलाक चाहते हैं शर्मा
पिलानी निवासी पूनम जखोड़िया ने बताया कि उनके पति आनंदपुरी SDM हैं। वह उससे तलाक चाहते हैं। इस मामले में शर्मा की ओर से गुलाबपुरा की एक कोर्ट में दावा भी किया हुआ है। पूनम ने कहा कि उसके बच्चे बड़े हो गए हैं। वह तलाक नहीं चाहती है लेकिन, भीलवाड़ा में तबादले से पहले RAS पति ने धोखे से उन्हें पिलानी ले जाकर छोड़ दिया। इसके बाद वह बांसवाड़ा आ गए। पीड़िता का आरोप है कि SDM के दूसरी महिला से अवैध संबंध हैं। इस कारण वह उसे छोड़ना चाहते हैं।

SDM छोटूलाल शर्मा के साथ पूनम के हुए विवाह का पंजीयन प्रमाण-पत्र।
SDM छोटूलाल शर्मा के साथ पूनम के हुए विवाह का पंजीयन प्रमाण-पत्र।

तब एक साल तक खुद कमाकर घर चलाया
पूनम का कहना है कि वर्ष 2008 में उसकी छाेटूलाल शर्मा से शादी हुई थी। दोनों ही झुंझुनूं के प्राइवेट कॉलेज में लेक्चरर थे। वह खुद भी M.Com और M.Fil हैं। शादी से एक महीने पहले छोटूलाल की नौकरी छूट गई थी। उन्होंने खुद कमाकर घर चलाया। शर्मा को RAS की तैयारी में पूरा सहयोग किया। वर्ष 2015 में शर्मा SDM बन गए। इसके बाद वह उनमें कमियां निकालने लगे। अब नौबत तलाक तक की आ गई है। वह तलाक नहीं लेना चाहती हैं।

वर्ष 2010 में ESI के परिचय पत्र में पत्नी और बच्चों के नाम और फोटो।
वर्ष 2010 में ESI के परिचय पत्र में पत्नी और बच्चों के नाम और फोटो।

SDM बोले- बच्चे तो मेरे ही हैं
इधर, SDM छोटूलाल शर्मा का कहना है कि बच्चे उनके ही हैं। वह बच्चों को अच्छे स्कूल में पढ़ाने की जिम्मेदारी निभा रहे हैं। स्कूल की फीस भर रहे हैं तो पत्नी को मासिक 20 हजार रुपए भी भिजवा रहे हैं। पत्नी से लड़ाई के चक्कर में ही एक साल पहले उनके पिता की मृत्यु हो गई। उन्होंने कहा कि पत्नी के किसी ओर से अवैध संबंध हैं। आवश्यक प्रमाण उन्होंने कोर्ट में पेश किए हैं। कोर्ट आदेश देगा तो वह पत्नी को रखेंगे, अन्यथा वह तलाक लेंगे।