नेशनल फेमिली हैल्थ सर्वे में जैसलमेर आगे:कठिन इलाके के बावजूद इंस्टीट्यूशनल डिलिवरी में 90 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की

जैसलमेर7 महीने पहले
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अधिकारी घर जाकर लेते जानकारी हुए। - Dainik Bhaskar
अधिकारी घर जाकर लेते जानकारी हुए।

मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में जैसलमेर जिला नेशनल फैमिली हैल्थ सर्वे - 5 की ताजा जारी रिपोर्ट में जिले में संस्थागत प्रसव 90 फीसदी दर्ज किए गए है जो कि टफ भौगोलिक परिस्थितियों वाले जैसलमेर जिले के लिए बहुत बड़ी उपलब्धि है। जिला कलेक्टर आशीष मोदी की पहल पर जिले भर में किए जा रहे लगातार प्रयासों और अनूठी पहल की बदौलत जैसलमेर ने ये मुकाम हासिल किया है।

जिला कलेक्टर आशीष मोदी ने बताया कि संस्थागत प्रसव ( इंस्टीट्यूशनल डिलिवरी) को बढ़ाने के लिए हैल्थ डिपार्टमेन्ट द्वारा डवलेपमेंट पार्टनर यूएनएफपीए के सहयोग से जिले के सभी प्रसव कक्षों को मॉडल सुविधाओं से भरा गया। डिलीवरी प्वाइंटों पर काम कर रहे नर्सिंग स्टाफ और डॉक्टरों को मॉडर्न तकनीकों के साथ कई ट्रेनिंद देकर एक्सपेर्ट बनाया गया। एक्सपेर्ट बनने के बाद ताकि वे प्रेगनेट लेडी मे डिलीवेरी के समय आसानी से प्रसव करवा सके। इन सबके बाद ही लोगों का ध्यान संस्थागत प्रसव की तरफ बढ़ा। संस्थागत प्रसवों से मदर एंड चाइल्ड डैथ दर में भी कमी आई है, इसी के साथ लिंग अनुपात, 12 सप्ताह एएनसी, परिवार कल्याण के साधनों का इस्तेमाल आदि के ग्राफ में बहुत ही सुधार देखने को मिला है।