पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App
  • Hindi News
  • Local
  • Rajasthan
  • Barmer
  • Muscular Dystrophy Disease Can Not Sustain The Happiness Of Brothers And Sisters, Babu 10 And Bali Suffering From Disease For 3 Years

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

नेहरू नगर निवासी बाबू व बाली की दर्द भरी दास्तां:मस्कुलर डिस्ट्रॉफी बीमारी ने छीनी भाई-बहन की खुशियां, उठ सकते न चल सकते; बाबू 10 व बाली 3 साल से रोग पीड़ित

बाड़मेर7 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
  • भारत में इलाज संभव नहीं, विदेशों में उपचार के लिए रुपए नहीं

हंसते-खेलते परिवार के दो-भाई बहिन की जिंदगी लाचार हो गई है। न चल सकते हैं न उठ पाते हैं। घर में ही दिन व रात गुजारने को मजबूर है। भाई-बहन का दर्द मां-बाप ही नहीं रिश्तेदारों से भी देखा नहीं जा रहा है। यह दास्तां है बाड़मेर के नेहरू नगर निवासी बाबूलाल जाखड़ व बाली जाखड़ की।

बीमारी से जूझ रहे भाई व बहन मस्कुलर डिस्ट्रॉफी बीमारी से ग्रस्त है। बाबू को बीते दस साल और बाली को तीन साल ये बीमारी है। इस बीमारी का देश में इलाज संभव नहीं है, लेकिन विदेशों में मस्कुलर डिस्ट्रॉफी का इलाज संभव है, लेकिन परिवार महंगा इलाज करवाने की स्थिति में नहीं है।

बाबू व बाली का एम्स दिल्ली, जोधपुर व स्टर्लिंग हॉस्पिटल अहमदाबाद से इलाज करवाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने एक्सरसाइज की सलाह दी है। साथ में दर्द से राहत की दवाइयां दी है। इस बीमारी की चपेट में आए भाई व बहिन की जिंदगी मानों बोझ सी बन गई है। हालांकि परिवार के सदस्यों ने हिम्मत नहीं हारी है और इलाज के प्रयास जारी रखे। केंद्र सरकार की मदद मिले तो भाई व बहिन की जिंदगी बच सकती है।

क्रिकेटर बाबू ने 15 साल बाड़मेर का नेतृत्व किया

बाबूलाल जाखड़ अच्छे क्रिकेटर रह चुके हैं। अंडर-17, अंडर-19,काल्विन शील्ड व लक्ष्मणसिंह ट्रॉफी में उम्दा प्रदर्शन किया। जाखड़ ने लगातार 15 साल तक बाड़मेर की क्रिकेट टीम का प्रतिनिधित्व भी किया। खेल में ही नहीं राजनीति में भी जाखड़ की भूमिका सक्रिय रही है। जिला महामंत्री एनएसयूआई, यूथ कांग्रेस महासचिव, ब्लॉक समन्वयक कांग्रेस आईटी सेल रह चुका है। इतना ही नहीं सामाजिक सरोकार के कार्यों में भी सक्रिय भूमिका रही है। सरकार की पहल से ही बचेगी भाई-बहिन की जिंदगी

मस्कुलर डिस्ट्रॉफी बीमारी का भारत में इलाज संभव नहीं है। चिकित्सा विशेषज्ञ इसे लाइलाज बीमारी मान चुके हैं, लेकिन विदेशों में इसका इलाज संभव है। महंगा इलाज होने से सामान्य परिवार के बूते की बात नहीं है। केंद्र सरकार पहल करें तो भाई-बहिन की जिंदगी बच सकती है। इसके लिए केंद्रीय कृषि राज्यमंत्री कैलाश चौधरी समेत जिले के जनप्रतिनिधियों व भामाशाहों के सहयोग से ही संभव है।

पहले हाथों में हुआ दर्द, फिर मसल्स खत्म होने से बढ़ी पीड़ा

  • पहले मेरे हाथों में दर्द होने लगा। कोई भी वस्तु पकड़ ही नहीं पाता था।फिर दौड़ने में सांस फूलने लगी। धीरे-धीरे मसल्स खत्म होने के साथ कमजोरी हावी हो गई। अब चलना फिरना भी मुश्किल हो गया। सहारा लेकर उठना पड़ता है। स्टर्लिंग हॉस्पिटल अहमदाबाद में जांच करवाने पर मस्कुलर डिस्ट्रॉफी बीमारी की पुष्टि हुई। डॉक्टरों ने बताया कि इसका इलाज देश में संभव नहीं है। अब सैंपल जांच के लिए बैंगलोर भेजा है। - बाबूलाल जाखड़, नेहरू नगर बाड़मेर।
खबरें और भी हैं...

    आज का राशिफल

    मेष
    Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
    मेष|Aries

    पॉजिटिव- आपकी सकारात्मक और संतुलित सोच द्वारा कुछ समय से चल रही परेशानियों का हल निकलेगा। आप एक नई ऊर्जा के साथ अपने कार्यों के प्रति ध्यान केंद्रित कर पाएंगे। अगर किसी कोर्ट केस संबंधी कार्यवाही चल र...

    और पढ़ें