राणीगांव में सुमतिनाथ का जन्म कल्याणक महोत्सव:पार्श्वनाथ पंच कल्याणक पूजन व भक्ति संध्या का आयोजन, आज होंगे कई कार्यक्रम

बाड़मेर10 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
राणीगांव में जिनालय प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के तहत कार्यक्रम प्रस्तुत करती बालिकाएं। - Dainik Bhaskar
राणीगांव में जिनालय प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के तहत कार्यक्रम प्रस्तुत करती बालिकाएं।
  • प्रतापपुरी ने कहा कि थार की धरती पर परमात्मा की प्रतिष्ठा पुण्य कर्मों का नतीजा

श्री सुमतिनाथ जिनालय प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव समिति व जैन श्री संघ राणीगांव के तत्वावधान में राणीगांव नगर में सुमतिनाथ जिनालय की अंजनश्लाका प्राण प्रतिष्ठा पंचान्हिका महोत्सव के शुभारंभ के बाद दूसरे दिन शुक्रवार को आचार्य मनोज्ञसूरिश्वर, साध्वी जयरत्ना, अमितगुणा, संघमित्रा व कैवल्य प्रिया की निश्रा में कई धार्मिक अनुष्ठान के साथ कार्यक्रमों का आयोजन हुआ। सुमतिनाथ प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव समिति के संयोजक मांगीलाल भंसाली राणीगांव व सहसंयोजक गौतमचन्द बोहरा भूणिया ने बताया कि श्री सुमतिनाथ जिनालय की अंजनश्लाका प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव पांच दिवसीय पंचान्हिका महोत्सव के दूसरे दिन शुक्रवार को सुबह 9 बजे से प्रभु का जन्म कल्याणक विधान, च्यवन कल्याणक विधान एवं जन्म कल्याणक महोत्सव, शांतिनाथ भगवान पंच कल्याणक पूजन, बड़ी सांझी के साथ रात्रि में नरेन्द्र वाणीगोता मुम्बई व गौरव मालू द्वारा भक्ति संध्या का आयोजन किया गया।

शुक्रवार को महोत्सव के दूसरे दिन सुबह 9 बजे कांतिसुरि स्मृति भवन से आचार्य व साध्वीवृंद की पावन सानिध्य में वरघोड़े व ढोल ढमाके व बैण्ड बाजों के साथ धर्मसभा स्थल अयोध्या नगरी पहुंची। इसके बाद दिन में लाभार्थी परिवार द्वारा सुबह की नवकारसी बुधरचंद जेकचंद वडेरा परिवार राणीगांव, दोपहर का स्वामी वात्साल्य मोहनलाल सागरमल रूपोणी बोहरा परिवार भूणिया वाले एवं शाम की नवकारसी सोहनराज मालू परिवार गोईलार वालों द्वारा आयोजन भरत चक्रवर्ती भोजन मण्डप में हुआ। इसका महोत्सव समिति द्वारा लाभार्थी परिवार को हाथी पर सवार होकर भरत चक्रवर्ती भोजन मण्डप में पहुंच कर सभी को जय जिनेन्द्र किया गया। इसी कड़ी में तारातरा मठ के महंत प्रतापपुरी महाराज ने कहा कि थार की धरा वीरों की भूमि रही है, ऐसी तपोभूमि पर मंदिर प्रतिष्ठा अपने आप में यहां के वाशिंदों की महत्ता को उजागर करती है।

उन्होंने कहा कि निंबड़ी, तारातरा, रानीगांव, चौहटन, वीरातरा अपने आप में तपोभूमि रही है, यहां पर संतों ने तपस्या धारण कर अपना लक्ष्य प्राप्त किया था। उन्होंने महंत मोहनपुरी महाराज के जीवन पर प्रकाश डाला। जैन श्री संघ राणीगांव के अध्यक्ष रतनलाल बोहरा व कोषाध्यक्ष पारसमल बोहरा पटवारी ने बताया कि प्रतिष्ठा महोत्सव के दूसरे दिन कई हस्तियों ने की कार्यक्रमों में शिरकत की।

आज होंगे यह कार्यक्रम
महोत्सव समिति के संरक्षक बाबूलाल मालू गोईलार ने बताया कि शनिवार को सुबह 9 बजे से परमात्मा के अट्ठारह अभिषेक, ध्वजदंड, कलश आदि अभिषेक, पाठशाला गमन, परमात्मा के विवाह का कार्यक्रम, भगवान के मायरा, राज्याभिषेक, नवलोकांतिक देवी का आगमन तथा प्रार्थना, शांतिनाथ भगवान की पंच कल्याणक पूजा, बड़ी सांझी के साथ रात्रि में नरेन्द्र वाणीगोता मुम्बई व गौरव मालू द्वारा भव्य भक्ति संध्या का आयोजन होगा।

खबरें और भी हैं...