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पाक विस्थापितों का लगा कोरोना का टीका:पाक विस्थापितों के लिए लगाया विशेष कैंप, पासपोर्ट के आधार पर लगाई कोरोना वैक्सीन, पाक विस्थापितों में खुशी की लहर

बाड़मेर3 महीने पहले
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पाक विस्थापित का टीकाकरण। - Dainik Bhaskar
पाक विस्थापित का टीकाकरण।

पाकिस्तान में अल्पसंख्यक हिन्दूओं के साथ अत्याचार के कारण हजारों की संख्या में पाक विस्थापित पश्चिमी राजस्थान में आकर बस गये थें। पिछले काफी समय से कोरोना वैक्सीनेशन को लेकर मांग भी कर रहे थे लेकिन मंगलवार को पाक विस्थापित के खुशी का ठिकाना नहीं था आज बाड़मेर में विशेष कैंप लगाकर पासपोर्ट के आधार पर 45 आयु वर्ग से ऊपर के पाक विस्थापित लोगों के टीके लगाये गए। आज 45 आयुवर्ग से ऊपर के 40 शरणार्थियों के टीके लगाए गए हैं। देश में पाक विस्थापितों के लिए सभवत: पहला कैंप लगा हैं।

पाकिस्तान में अल्पसंख्यक हिन्दूओं और इनकी बच्चियों के प्रताड़ना के कारण वहां से हिन्दू भारत आ जाते है और यही बस जाते हैं। काफी लोगों भारतीय नागरिकता मिल गई थी लेकिन ऐसे भी पाक विस्थापित है जिनको नागरिकता नहीं मिली हैं। इनको भारतीय नागरिकता नहींं मिलने के कारण मूलभूत सुविधाओं के साथ कोरोना के टीके से भी वंचित थे। दानजी की होदी में कैंप लगाकर 45 आयु वर्ग से ऊपर के लोगों का वैक्सीनेशन किया गया। वैक्सीनेशन के बाद इन चेहरों पर एक अलग ही खुशी नजर आई आ रही थी। पाक विस्थापितों का कहना है कि टीका लगने के बाद हमें अब लगने लगा है कि अब भारतीय हैं।

कोरोना का टीका लगाने के बाद खुशी जाहिर करता पाक विस्थापित
कोरोना का टीका लगाने के बाद खुशी जाहिर करता पाक विस्थापित

पाक विस्थापित तगुराम का कहना है कि हम लोग 2013 में भारत आ गए थे लेकिन नागरिकता की फाइल लगा रखी है लेकिन नागरिकता नहीं मिली हैं। नागरिकता नहीं मिलने के कारण कोरोना का टीका नहीं लग रहा है लेकिन आज सरकार और प्रशासन ने कैंप लगातार पासपोर्ट के आधार पर टीके लगाए हैं। कोरोना वैक्सीनेशन होने से बहुत ही खुशी है।

पाक विस्थापित अध्यक्ष संघ के अध्यक्ष नरपतसिह धारा का कहना है कि आज पाक विस्थापितों के लिए जो वैक्सीनेशन का कैंप हो रहा है देश का पहला कैंप है। मैं सरकार और प्रशासन को धन्यवाद दूंगा कि वैक्सीनेशन का कैंप करवाकर पाक विस्थापितों को राहत दी। पाक विस्थापितों में खुशी की लहर हैं क्योंकि दवाई को लेकर इनके साथ भेदभाव हो रहा था वो कैँप में टीके लगने से खत्म हो गया।

पाक विस्थापित महिला को टीका लगाती स्वास्थ्यकर्मी
पाक विस्थापित महिला को टीका लगाती स्वास्थ्यकर्मी

अध्यापक मुकेश माली के मुताबिक पाकिस्तान से लोग यहां भारत आकर जो बसे गए है इनके लिए विशेष कोरोना वैक्सीनेशन कैंप लगाया गया है। इनका वैक्सीनेशन पासपोर्ट के आधार पर किया जा रहा हैं। 45 आयु से ऊपर के लोगों का टीकाकरण किया जा रहा है। इनके पास भारतीय नागरिकता नहीं है इसलिए इनका पासपोर्ट के आधार पर टीकाकरण किया जा रहा हैं। आमतौर पर टीकाकरण आधार कार्ड, वोटरकार्ड, पेन कार्ड और पासपोर्ट के आधार पर किया जाता हैं।

पाक से आए विस्थापितों का दर्द:न नागरिकता मिल रही और न ही मूलभूत सुविधाएं, इसलिए अब कोरोना में वैक्सीन भी नहीं लग पा रही

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