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राज्य सरकार का तोहफा:दिव्यांगों को कॉलेज और कामकाजी युवाओं को रोजगार, कार्य स्थल तक आने-जाने के लिए देगी स्कूटियां

डीग22 दिन पहले
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  • काम की खबर - स्कूटी योजना पर सरकार खर्च करेगी 15 करोड़ रुपए, आवेदन भरने की अंतिम तिथि 15 सितंबर तक रहेगी

राजकीय व मान्यता प्राप्त कॉलेजों में नियमित पढ़ने वाले दिव्यांग स्टूडेंट्स के लिए अच्छी खबर है। उन्हें अब बजट घोषणा वर्ष 2021-22 में निशुल्क स्कूटी मिलेगी। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता तथा विशेष योग्यजन विभाग की ओर से दिव्यांग विद्यार्थियों, राजकीय व मान्यता प्राप्त कॉलेज के नियमित छात्र-छात्राओं और रोजगार के लिए कार्यस्थल पर जाने के लिए युवाओं को स्कूटी देने की योजना है।

इच्छुक आवेदक आवेदन पत्र विभाग के जिला कार्यालय में जमा करा सकते हैं। आवेदन में राज्य सरकार की ओर से किसी योजना में मोटराईज्ड ट्राई साईकिल व स्कूटी प्राप्त नहीं करने का शपथ पत्र देना होगा।

सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के उपनिदेशक राजेन्द्र सिंह गुर्जर ने बताया कि योजना के तहत विशेष योग्यजन पेंशन प्राप्त कर रहे आवेदकों को आय प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने की बाध्यता नहीं है। ऐसे आवेदकों को अपने आवेदन के साथ पेंशन पीपीओ संलग्न करना होगा। जो पेंशन प्राप्त नहीं कर रहे हैं उनके माता-पिता या स्वयं की कुल वार्षिक आय दो लाख रुपए से अधिक नहीं होनी चाहिए। चिकित्सा बोर्ड द्वारा जारी 40 प्रतिशत या उससे अधिक प्रतिशत के चलन निःशक्तता के प्रमाण पत्र व राजस्थान का मूल निवासी का प्रमाण पत्र लगाना होगा

योजना में 15 से 29 साल के युवा होंगे शामिल
सामाजिक सुरक्षा अधिकारी अमित पाराशर ने बताया कि योजना के तहत राष्ट्रीय युवा नीति 2014 के अनुसार 15 से 29 साल तक के आवेदकों को शामिल किया जाएगा। रोजगार से जुड़े 29 साल से अधिक आयु के दिव्यांग इस योजना में शामिल नहीं किए जाएंगे। छात्र-छात्राओं को कॉलेज के प्राचार्य या संस्था प्रधान से नियमित अध्ययनरत होने का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। साथ ही आवेदन पत्र में ड्राइविंग लाइसेंस की सेल्फ अटेस्टेड कॉपी भी देगी होगी। 18 साल से कम आयु वर्ग के बच्चों को बिना गियर के वाहन चलाने का लाइसेंस देना होगा। आवेदन 15 सितंबर तक जमा होंगे।

इस तरह की होगी चयन प्रक्रिया
सरकार इस बजट घोषणा को मूर्त रूप देने जा रही है। इसके लिए सरकार ने 15 करोड रुपए स्वीकृत किए है। यह स्कूटी कॉलेज आने जाने वाले रेगूलर दिव्यांग छात्र-छत्राओं को एवं स्वरोजगार के लिए अपने कार्यस्थल पर आने जाने के लिए दी जाएगी।

गाइडलाइन के अनुसार पात्रता शर्तों को पूरा करने वाले आवेदन पत्रों को सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के जिला अधिकारी और जिले के कलेक्टर या उनके नामित प्रतिनिधि की अध्यक्षता में चयन समिति का गठन होगा । फिर ये आवेदन उनके सामने पेश किए जाएंगे। अधिक आवेदन आने पर आवेदकों के माता पिता या अभिभावक की वार्षिक आय की न्यूनता एवं विशेष योग्यजन की अधिकतम निशक्तता के आधार पर स्कूटी के लिए चयन समिति चयन करेगी।

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