फर्जीवाड़ा:पहाड़ी के लिवासना में मनरेगा कार्यों पर लगे थे 80 मजदूर, मौके पर एक भी नहीं मिला, मस्टररोल रद्द होगी

पहाड़ीएक महीने पहले
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उपखण्ड क्षेत्र में नरेगा के तहत चल रहे घोटालों को लेकर मंगलवार को लिवासना गांव के लोगो ने उपखण्ड अधिकारी को पत्र देकर नरेगा में घोटाले की शिकायत की। जिसको लेकर एसडीएम संजय गोयल द्वारा निरीक्षण किया, जिसमें 80 मजदूरों की मस्ट्रोल होने पर मौके पर एक भी मजदूर नहीं मिला। साथ ही मौके पर भी अधूरा कार्य हुआ पाया गया।

एसडीएम ने बताया की ग्राम पंचायत सरपंच और मेट की मिली भगत के चलते पोखर खुदाई ओर ग्रेवल सड़क निर्माण के लिए मस्ट्रोल 80-80 लोगों की 14,13,856 रुपये की वित्तीय स्वीकृति जारी हुई थी। जिसमे पोखर खुदाई के लिए 7 अक्टूबर से लेकर 21 अक्टूबर तक का नरेगा के तहत कार्य कराने के आदेश जारी हुए थे। वही मस्जिद से कब्रिस्तान तक ग्रेवल सड़क बनवाने के लिए 29 सितम्बर से लेकर 13 अक्टूबर तक के लिए मस्ट्रोल जारी की गई थी। जिसमें सरपंच और मेट द्वारा फर्जीवाड़ा किया गया और 80 मजदूरों के स्थान पर केवल 20-25 मजदूरों को लगाया था।

निरीक्षण के दौरान मौके पर ग्रेवल सड़क पर 80 मजदूरों में से एक भी मजदूर कार्य करते हुए नही मिला। साथ ही मौके पर कोई भी मेट भी नही मिला। साथ ही निरीक्षण के दौरान ग्रेवल सड़क जिस रास्ते पर बनानी थी। वहां ना बना कर खेत में होकर करीब 100 फुट ही समतली करण हुई मिली। उपखण्ड अधिकारी संजय गोयल ने बताया कि विकास अधिकारी को पत्र लिखकर उक्त प्रकरण की गम्भीरता से जांच कर दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्यवाही करने को कहा है साथ ही मस्ट्रोल को निरस्त किया जावे ओर कार्य की गम्भीरता से जांच कर मजदूरों को भुगतान किया जावे।

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