काेविड-19 स्क्रीनिंग:टीका लगने के 19 घंटे बाद वृद्ध की माैत...पाेस्टमार्टम रिपाेर्ट का इंतजार

चित्ताैड़गढ़8 महीने पहले
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गंगरार ब्लाॅक के साेनियाणा गांव में 64 वर्षीय व्यक्ति की शनिवार सुबह माैत हो गई। एक दिन पहले ही उन्हें कोविड वैक्सीन लगी थी। परिजनों की मांग पर शव जिला मुख्यालय लाकर पोस्टमार्टम कराया गया। परिजनों ने मुआवजे की भी मांग की। हालांकि चिकित्सा विभाग प्रारंभिक तौर पर मौत का कारण वैक्सीन नहीं मान रहा है। साेनियाणा पीएचसी पर शुक्रवार को 72 जनाें ने वैक्सीन लगाई। इसमें 64 वर्षीय भैरूलाल पुत्र कान्हा रैगर भी शामिल था। उसे सुबह 10 बजे वैक्सीन लगी थी। दिनभर एवं रात तक काेई तकलीफ नहीं हुई थी। सुबह साढ़े पांच बजे पुत्र कालू चाय पिलाने के लिए उनके कमरे में गया। आवाज देने पर वे उठे नहीं, उनकी मौत हो चुकी थी। इससे परिवार में काेहराम मच गया। परिजनों के अनुसार उनको कोई बीमारी नहीं थी। ग्रामीणाें ने माैत का सही कारण जानने के लिए भैरूलाल का पाेस्टमार्टम कराने का निर्णय लिया। चिकित्सा टीम घर पहुंची। भैरूलाल के शव काे जिला अस्पताल में लाकर पाेस्टमार्टम कराया गया। भाई नारायण रैगर ने बताया कि भैरूलाल परिवार में अकेला कमाने वाला था।

{महाराष्ट्र, गुजरात से रोज आती हैं 50 बसें, यात्रियों की स्क्रीनिंग नहीं होती
मध्यप्रदेश या अन्य राज्याें से चित्ताैड़ जिले में आ रहीं बसाें के यात्रियाें की काेविड-19 स्क्रीनिंग नहीं हाे रही है। जबकि जिले में 50 के करीब निजी बसें तो प्रतिदिन महाराष्ट्र, गुजरात आदि संवेदनशील राज्यों से ही आ रही हैं। भास्कर ने मप्र सीमा के साथ शनिवार को रोडवेज बस स्टैंड पर भी इसकी पड़ताल की। यहां भी यात्री बसों से उतरते ही बिना जांच बाहर निकलते हैं। राेडवेज अधिकारियाें ने कहा कि रविवार से एमपी से आने वाले यात्रियाें की बस में ही स्क्रीनिंग की जाएगी।

{चिकित्सा विभाग की कमेटी ने माना: भैरूलाल काे साइलेंट अटैक, पाेस्टमार्टम रिपाेर्ट का इंतजार
^सीएमएचओ डाॅ. रामकेश गुर्जर ने बताया कि भैरूलाल की मृत्यु शनिवार सुबह घर पर हुई। सोनियाना पीएचसी पर शुक्रवार सुबह 9.27 बजे टीका लगने के बाद वे 30 मिनट निगरानी में रहे। आरटीपीसीआर टेस्ट एवं पोस्टमार्टम जिला चिकित्सालय में करवाया है। जिस वायल से उन्हें टीका लगा उसी से 9 अन्य का भी टीकाकरण किया। लेकिन इस केस के अलावा किसी लाभार्थी में शिकायत प्राप्त नहीं हुई। कमेटी ने प्रथम दृष्ट्या उक्त लाभार्थी की मृत्यु का कारण साइलेंट अटैक माना है।

}आधे घंटे आब्जर्वेशन में रखा था, पूरे दिन भी उन्हें कोई समस्या नहीं थी, मौत का कारण टीका नहीं हो सकता
^सोनियाणा पीएचसी पर तीसरे चरण में 300 लोगों के टीके लगाए जा चुके हैं। शुक्रवार काे 72 जनाें के टीके लगाए थे। टीका लगाने के बाद भैरूलाल को भी आधा घंटा पीएचसी में ही रखा गया था। पूरे दिन व रात तक भी उनको काेई समस्या नहीं थी। यदि कोई साइड इफैक्ट होता तो आधे घंटे में पता चल जाता। इसलिए मौत का कारण टीका नहीं हो सकता। फिर भी पाेस्टमार्टम करा रहे है, रिपाेर्ट आने पर ही सही कारण पता चलेगा।
-डाॅ. तेजपाल यादव, पीएचसी इंचार्ज, साेनियाणा

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