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भास्कर खास:चार दिन में 18+ के 15 हजार लोगों ने लगवाया टीका, 1564 लोग बुक कराने के बाद भी लगवाने नहीं गए

बीकानेरएक महीने पहले
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बीकानेर में कोरोना से मौत का आंकड़ा सौ के पार हो चुका है। हर रोज औसत एक हजार लोग पॉजिटिव आ रहे हैं। वैक्सीन ही बचाव का सबसे बड़ा उपाय है। सरकार ने 18+ युवाओं का वैक्सीनेशन भी शुरू कर दिया है। लेकिन काफी लोग ऐसे भी हैं, जो स्लॉट बुक कराने के बाद भी वैक्सीन लगवाने नहीं जा रहे हैं।

बीकानेर में वैक्सीनेशन दो मई से शुरू हुआ था। कुल 20 हजार डोज मिली थी। हमने पिछले चार दिन के वैक्सीनेशन की पड़ताल की तो सामने आया कि स्वास्थ्य विभाग ने शहर और गांव के स्वास्थ्य केंद्रों पर 17 हजार स्लॉट खोल थे। इनमें से 15 हजार 436 लोग वैक्सीनेशन करवाने पहुंचे। 1564 लोगों के वैक्सीन नहीं लग सकी। इनमें से अधिकांश शहरी क्षेत्र के वे लोग हैं, जिन्होंने ग्रामीण क्षेत्र के केंद्रों पर स्लॉट तो बुक करा लिए, लेकिन वैक्सीन लगवाने नहीं गए।

उनकी इस लापरवाही के कारण उन गांवों के वे लोग वंचित रहे गए, जो स्लॉट बुक नहीं करवा सके। वैक्सीनेशन को लेकर उत्सुकता भी काफी है। क्योंकि दूसरे जिले लोग भी यहां वैक्सीन लगवाने आ रहे हैं। मोमासर में वैक्सीन लगवाने के लिए सीकर से लोग आए थे। हालांकि इसका नुकसान गांव के लोगों को उठाना पड़ रहा है। क्योंकि उनके स्लॉट बुक नहीं हो पा रहे हैं।

मोमासर में 127 में से मात्र 34 ही गांव के, बाकी बाहरी : मोमासर में गुरुवार को 18+ युवाओं में 127 का वैक्सीनेशन हुआ है। इनमें से गांव के 34 लोग ही शामिल हैं। बाकी सभी चूरू सीकर और जयपुर तक से लोग यहां टीका लगवाने आए हैं। स्लॉट बुक कराने के बाद टीका नहीं लगवाने वालों में आशुतोष व्यास, विनय हर्ष, पूजा गोदारा, राकेश कुमार, इंदू रानी, अभय शर्मा, मनीषा कंवर सहित काफी लोगों के नाम हैं। ये सभी लोग बाहर के हैं। इनके स्लॉट बुक कराने से गांव के लोगों को वैक्सीन लगवाने से वंचित रहना पड़ा है।

ब्लॉक प्रभारी संतोष आर्य ने बताया कि बीकानेर जिले से बाहर के लोग ज्यादा रजिस्ट्रेशन करा रहे हैं। उसके बाद वे टीका लगवाने भी नहीं आते। इससे गांव के लोगों को वंचित रहना पड़ता है। अधिकारियों से कहा है कि स्लॉट बुकिंग में ऐसे प्रावधान किए जाएं, जिससे लोग अपने ही जिले में स्लॉट बुक करा सकें।

वैक्सीनेशन को लेकर युवाओं में काफी उत्साह है। लेकिन स्लॉट बुकिंग पर हमारा कंट्रोल नहीं है। यह सही है कि शहर के गांव और गांव के लोग शहर के केंद्रों पर स्लॉट बुक करा रहे हैं। इनमें से अधिकांश टीका लगवाने नहीं आते। केंद्र प्रभारी उनसे संपर्क करने की कोशिश भी करते हैं। दूसरे जिलों के लोग भी यहां आने लगे हैं। पोर्टल में कुछ बदलाव होने जरूरी हैं। स्वास्थ्य निदेशालय के ध्यान में यह मामला लाया जाएगा।
-डॉ. राजेश गुप्ता, आरसीएचओ एवं वैक्सीनेशन नोडल प्रभारी

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