• Hindi News
  • Local
  • Rajasthan
  • Bikaner
  • A Fire Broke Out In A Vehicle Full Of Fodder Running On The Road, Youths Ran On A Bike To Stop The Unknown Driver, A Big Accident Was Averted

चारे से भरी गाड़ी में लगी आग:रोड़ पर दौड़ती रही, अनजान ड्राइवर को रोकने के लिए बाइक पर भागे युवक, बड़ा हादसा टला

बीकानेर3 महीने पहले
पिकअप में लगी आग बाद में काफी फैल गई।

लूणकरनसर में गुरुवार देर रात एक बड़ा हादसा टल गया। हुआ यूं कि नेशनल हाइवे पर एक पिकअप गाड़ी में भारी मात्रा चारा लेकर ड्राइवर तेज गति से जा रहा था। रास्ते में इस चारे में आग लग गई लेकिन ड्राइवर पूरी तरह अनजान था। वो तेज गति से गाड़ी दौड़ा रहा था। कुछ युवकों ने गाड़ी के पीछे आग लगी देखी तो अपनी बाइक से इसका पीछा किया। काफी दूर जाकर पिकअप को रोका और चालक को बताया कि पीछे आग लगी हुई है। फिर जैसे-तैसे इस आग को बुझाया गया।

घटना गुरूवार देर रात की है। इस गाड़ी को लूणकरणसर कस्बे के बस स्टैण्ड के पास रोका गया। गाड़ी को रोकते ही आग बुझाने का काम शुरू हो गया। आग अंदर तक पहुंच चुकी थी। जैसे ही चारे को हटाने का प्रयास हुआ, अंदर से आग की चिंगारियां निकलने लगी। लोगों ने अपनी जान दाव पर लगाकर भी इस गाड़ी में पड़े चारे को हटाया, अन्यथा आग विकराल रूप ले सकती थी। चारे को बिखेरकर उस पर पानी डाला गया।

गांव के युवक गोरीशंकर कुम्हार ने बताया कि करमीसर निवासी मामराज गाट अपनी पिकअप गाड़ी में चारा भरकर थालड़का गांव ले जा रहा था। लूणकरणसर बस स्टैंड पर राह चलते लोगों ने चारे से भरी पिकअप में धुंआ व लपटें देखकर चालक को इशारा किया। वो नहीं रुका तो सोनू कुम्हार ने मोटरसाइकिल दौड़ाकर गाड़ी को रोझा चौराहे पर रुकवाया। वहीं से गाड़ी को धीरे धीरे एक सर्विक स्टेशन पर लाया गया, जहां पानी का प्रबंध था। सोनू कुम्हार,प्रकाश छीपा व अन्य लोगों की मदद से पानी डाल आग पर नियंत्रण किया गया।

पास था पेंट्रोल पम्प
जिस जगह गाड़ी को रोका गया, उसके पास ही पेट्रोल पंप भी था। युवकों ने समझदारी से काम करते हुए आग को बुझाया और आंच पेट्रोल पंप तक नहीं पहुंचने दी। आसपास काफी भीड़ हो गई, जिससे एक बार अफरातफरी हो गई। दरअसल, पास ही कुछ ढाबे और मकान भी थे, जहां आग फैल सकती थी। चारा जैसे-जैसे नीचे गिर रहा था, उससे आग की लपटें इधर-उधर फैल रही थी।

थोड़ी देर पर हो सकता था बड़ा हादसा
इस गाड़ी को अगर कुछ युवक देखकर नहीं रोकते तो बड़ा हादसा हो सकता था। देर रात कस्बे में ही लोगों ने इसे देखकर रोक लिया। अगर कस्बा पार करके गाड़ी निकल जाती तो रास्ते में कोई नहीं बताता कि गाड़ी में आग लग गई है। स्पीड तेज होने के कारण चारे में आग विकराल रूप ले सकती थी।

कंटेंट : रामप्रतापत गोदारा, लूणकरनसर

खबरें और भी हैं...