इंस्पेक्टर और कांस्टेबल से कार लूटने वाले 2 गिरफ्तार:बीकानेर से होते हुए जैसलमेर पहुंच गए थे दोनों युवक, पुलिस ने एक-एक गांव तलाशा; अचानक दबिश देकर एक घर से दोनों को दबोच

बीकानेर3 महीने पहले
फायरिंग करने वाले युवक और बरामद कार के साथ बीकानेर डीएसटी टीम।

बीस जुलाई को सीकर के रानोली क्षेत्र से पुलिस इंस्पेक्टर और कांस्टेबल पर हमला कर कार लूटने वाले दो युवकों को बीकानेर डीएसटी टीम ने धर दबोचा है। बीस जुलाई को ही ये दोनों बीकानेर से होकर जैसलमेर की तरफ भागे थे। इसके बाद से पुलिस इनको गांव-गांव ढूंढ रही थी।

जयपुर डीएसटी के इंस्पेक्टर नरेंद्र खीचड़ और कांस्टेबल मुनिंद्र सीकर के पास ढाबे पर खाना खा रहे थे। इस दौरान दो युवकों ने कार की चाबी छीन ली। तब कांस्टेबल चिल्लाया कि वो पुलिस वाले हैं लेकिन युवकों ने फायरिंग कर दी। इससे मुनिंद्र घायल हो गया। उसे जयपुर के अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस के लिए प्रतिष्ठा का सवाल बन चुकी इस घटना के बाद दोनों युवकों का पीछा किया गया। ये दोनों सीकर से बीकानेर की ओर आये। यहां लखासर टोल नाके पर इनकी कार सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। यहां से दोनों की तलाश बीकानेर पुलिस ने शुरू की। श्रीडूंगरगढ़ के एक-एक गांव में तलाशने के बाद पता चला कि ये लोग नाचना पहुंच गए हैं। रविवार सुबह पुलिस ने नाचना में अचानक से दबिश देकर एक घर से इन दोनों युवकों को दबोच लिया। मौके से ही नरेंद्र खीचड़ की कार भी बरामद हो गई।

इस लूट में पंजाब का विक्रम और हरियाणा का सोमराज शामिल थे। इन दोनों ने श्रीडूंगरगढ़ में लूट के बाद पंजाब जाने के बजाय बीकानेर का रास्ता पकड़ लिया था। यहीं से बीकानेर डीएसटी इनके पीछे लग गई। डीएसटी के प्रभारी सीआई सुभाष बिजारणियां, बज्जू सीआई नरेश निर्वाण, सेरुण थानाधिकारी रामचंद्र ढाका, साइबर सेल के दीपक यादव, वासुदेव, लखविंद्र, रामकरण, दिलीप सहित कई पुलिस कर्मी इस कार्रवाई में शामिल थे।

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