पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

ये लापरवाही सबको पड़ रही भारी:बाबूजी धीरे चलना-शहर की सड़कों पर संभलकर रहना; क्योंकि हर जगह खुले हैं हादसों के मेन हाेल

बीकानेर2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
इस प्रयोग से समझें कि टूव्हीलर से व्हील चेयर पर ले जा सकते हैं खुले होल्स - Dainik Bhaskar
इस प्रयोग से समझें कि टूव्हीलर से व्हील चेयर पर ले जा सकते हैं खुले होल्स
  • पिछले साल सड़कों की मरम्मत पर खर्च किए थे 20 करोड़ रुपए
  • खराब सड़कों के कारण दो साल में हुए कई हादसे, 24 लोग गंभीर घायल

कलेक्टर कार्यालय की पार्किंग के पास खुले चैंबर गुरुवार को दिनभर चर्चा रही। वजह-बुधवार रात 10 बजे इस खुले चैंबर में गांधी काॅलाेनी में रहने वाले बुजुर्ग उदयभान (60) स्कूटी लेकर गिर गया। बुजुर्ग के 10 दांत और आंख के ऊपर 15 टांके आए। हालत नाजुक है। पीबीएम ट्रोमा सेंटर के आईसीयू में भर्ती हैं।

शहर में खुले चैंबर में गिरकर घायल होने वालों में उदयभान एक उदाहरण मात्र हैं। पिछले दो सालों में ऐसे खुले चैंबरों में गिरकर 24 से ज्यादा लोग घायल हो चुके हैं। शहर के 80 वार्डों में सीवरेज के 150 चैंबर और 200 नालों के ढक्कन खुले पड़े हैं। इन्हें ढकने में निगम और यूआईटी का 10 लाख से ज्यादा खर्च नहीं आएगा, फिर भी इस गंभीर मुद्दे पर जिम्मेदार विभाग और अफसर खामोश बैठे हैं।

सड़कों पर निगम, यूआईटी और सानिवि ने एक साल में खर्चे 20 करोड़

शहर की सड़कों पर पैचवर्क और अन्य काम के लिए नगर निगम, यूआईटी और पीडब्ल्यूडी ने पिछले साल 20 करोड़ खर्च कर दिए, लेकिन नालों और सीवरेज चैंबर के ढक्कन लगाने का काम प्रस्तावों में ही अटका है। निगम ने 80 वार्डों में प्रत्येक पर सड़क और नालियों के लिए 20-20 लाख रुपए मंजूर किए हैं। सानिवि ने शहरी क्षेत्र की 400 किमी सड़कों पर पैचवर्क पर 45 लाख रुपए खर्च किए। वहीं यूआईटी ने भी सड़कों और नालों तीन करोड़ रुपए खर्च किए।
हीरालाल माॅल के पास छह माह से टूटा है नाले का चैम्बर

डाक बंगला और हीरालाल माॅल के बीच की रोड पर बना नाले का चैंबर पिछले छह माह से खुला पड़ा है। यहां से हर दिन तकरीबन 25 से 28 हजार लोग निकलते हैं। वहीं शहर की बड़े माल, बीकानेर रेलवे स्टेशन, रानीबाजार औद्योगिक क्षेत्र, गंगाशहर-भीनासर सहित आसपास के क्षेत्राें के लाेगाें की आवाजाही लगी रहती है। वहीं बीकानेर शहर के बाहर से अाने वाले लाेगाें में भी अाधे इसी रास्ते से निकलते हैं। इस नाले के चैंबर काे ठीक कराने का खर्च भी 20 हजार रुपए है लेकिन फिर भी यूआईटी प्रशासन इसमें कोई रुचि नहीं दिखा रहा।

  • 6 माह से खुला पड़ा है यह चैम्बर, हो चुके हैं कई हादसे
  • 25 से 28 हजार लोग रोज गुजरते हैं यहां से
  • 20 हजार रुपए खर्च होंगे मरम्मत पर

यूआईटी एसई भंवरू खां के पास है इस इलाके की जिम्मेदारी

लोग ले गए नालों के ढक्कन, अफसरों को नए लगाने की फुर्सत तक नहीं

शहर में कई जगह नालों के चैंबर के ढक्कन इसलिए खुले पड़े हैं क्योंकि उनके ढक्कन लोग ले गए। कारण, सफाई के बाद कर्मचारी इन्हें ढकते ही नहीं हैं। नगर निगम के हेल्थ ऑफिसर ओमप्रकाश जावा और सीवरेज का काम संभालने वाले ज्ञानप्रकाश बारासा इसके लिए सीधे तौर पर जिम्मेदार हैं। वे सफाई कर्मचारियों को इस बात के लिए पाबंद करते हैं कि वे ढक्कन जरूर लगाएं। उनको तो नियम बना देना चाहिए कि अगर कोई सफाईकर्मी नाले को खुला छोड़ता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। अफसरों को इतनी फुर्सत नहीं है कि वे इन नालों पर नए ढक्कन लगवा दें।
कलेक्टर जिस बिल्डिंग में बैठते हैं, उसके ठीक सामने 5 साल से खुला पड़ा है चैंबर

कलेक्टर ऑफिस से 10 कदम की दूरी पर यह नाला खुला पड़ा है। यहां से हर दिन 50 हजार लोग गुजरते हैं। पिछले 5 सालों से इसे इसलिए खुला छोड़ा गया है ताकि बारिश के दिनों में पानी की निकासी में आसानी हो। गुरुवार को निगम प्रशासन ने इस नाले की फेंसिंग करवाने और यूआईटी ने पार्किंग स्थल के ऊपर लाइट की व्यवस्था करने का निर्णय लिया है।

  • रोज 50 हजार लोग गुजरते हैं यहां से
  • ठीक करने का खर्च सिर्फ 60 हजार रुपए

सर्वोदय बस्ती रोड पर 6 माह से खुला है चैम्बर

पंडित धर्मकांटे से सर्वोदय बस्ती के मुख्य मार्ग होते हुए मुक्ताप्रसाद जाने वाली इस रोड पर सड़क के बीचोबीच नाले के ढक्कन खुले पड़े हैं। इन ढक्कनों को सही करवाने में महज एक लाख खर्च होंगे लेकिन यूआईटी के अधिकारी पिछले छह महीनों से इन ओर ध्यान ही नहीं दे रहे। निगम प्रशासन ने नाले की जेसीबी से सफाई करवाई जिसके कारण ढक्कन टूट गया।

  • रोज 25 हजार लोग गुजरते हैं यहां से
  • ठीक करने का खर्च सिर्फ एक लाख रुपए

होटल ढोला मारु से मेडिकल कॉलेज चौराहे तक

यूआईटी के हिस्से में आने वाले इस रास्ते पर नालों और सीवरेज के करीब 12 ढक्कन खुले पड़े हैं जबकि इस रास्ते से शहर के अधिकांश डॉक्टर, वकील, प्रशासनिक अधिकारी निकलते हैं। इस रास्ते से हर दिन तकरीबन 20 हजार लोग निकलते हैं। यूआईटी ने करीब 4 लाख रुपए के प्रस्ताव भी बनवा लिए लेकिन काम आज तक शुरू नहीं करवा पाए।

  • रोज 20 हजार लोग गुजरते हैं यहां से
  • ठीक करने का खर्च सिर्फ 4 लाख रुपए
60 साल के बुजुर्ग उदयभान की ये फोटो हम सभी के लिए चेतावनी की तरह है। बुधवार रात कलेक्ट्रेट के पास खुले नाले में इनकी बाइक गिर गई। नतीजा ये हुआ कि इनके 10 दांत टूट गए, आंख के ऊपर 15 टांके आए और ये अभी तक पीबीएम की आईसीयू में भर्ती हैं।
60 साल के बुजुर्ग उदयभान की ये फोटो हम सभी के लिए चेतावनी की तरह है। बुधवार रात कलेक्ट्रेट के पास खुले नाले में इनकी बाइक गिर गई। नतीजा ये हुआ कि इनके 10 दांत टूट गए, आंख के ऊपर 15 टांके आए और ये अभी तक पीबीएम की आईसीयू में भर्ती हैं।
  • 350 सीवर चैंबर और नाले खुले हैं शहर में
  • 4.50 लाख सड़क हादसे देश में हर साल
  • 30 प्रतिशत से ज्यादा लोग हो जाते हैं अपाहिज
खबरें और भी हैं...

    आज का राशिफल

    मेष
    Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
    मेष|Aries

    पॉजिटिव- आज आपकी प्रतिभा और व्यक्तित्व खुलकर लोगों के सामने आएंगे और आप अपने कार्यों को बेहतरीन तरीके से संपन्न करेंगे। आपके विरोधी आपके समक्ष टिक नहीं पाएंगे। समाज में भी मान-सम्मान बना रहेगा। नेग...

    और पढ़ें