खींचतान बढ़ी:भाजपा पार्षद अपनी पसंद का जमादार लगाने पर अड़े, इस्तीफे की चेतावनी दी

बीकानेरएक महीने पहले
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  • वार्ड 39 में तीसरी बार बदला जमादार, मेयर से बढ़ी खींचतान

वार्ड में अपनी पसंद का जमादार लगाने के मुद्दे पर निगम में सत्ता पक्ष के पार्षद जितेंद्र सिंह भाटी बगावत पर उतर आए हैं। उन्होंने इस्तीफा देने की चेतावनी दे डाली है। दरअसल नगर निगम आयुक्त ने वार्ड 39 में कपिल जैदिया को जमादार लगाया है। लेकिन भाजपा पार्षद जितेंद्र सिंह संतुष्ट नहीं हैं और अपनी पसंद के ही जमादार रामरतन को नियुक्त करने की मांग पर अड़ गए हैं।

निगम ने वार्ड 39 के जमादार रामरतन को वहां से हटा दिया था। उसके स्थान पर जगदीश की नियुक्ति की गई। पार्षद जितेंद्र सिंह ने विरोध जताया और आयुक्त कक्ष में धरना दे दिया। इस पर रामरतन को वापस वार्ड 39 में लगा दिया गया। लेकिन 21 अक्टूबर को रामरतन को फिर से हटाकर कपिल जैदिया को वार्ड में लगाया तो पार्षद फिर नाराज हो गए।

रामरतन को वापस लगाने की मांग को लेकर इस्तीफा देने की चेतावनी दे डाली है। पार्षद जितेंद्र सिंह का आरोप है कि निगम में मेयर के परिवार का हस्तक्षेप लगातार बढ़ रहा है। उनके इशारों पर नहीं चलने वाले पार्षदों को परेशान किया जाता है। भाजपा के एक दर्जन से ज्यादा पार्षद मेयर से नाराज हैं। बकौल जितेंद्र मगर मैं चुप नहीं रहूंगा। इस्तीफा दे दूंगा।

डीएलबी के आदेश से नए जमादार की नियुक्ति पर भी विवाद
वार्ड 39 में कपिल जैदिया को जमादार लगाने पर भी विवाद है। डीएलबी ने निगम में कार्यरत नौ सफाई कर्मचारियों को कार्यवाहक स्वच्छता निरीक्षक के पद से हटाने के आदेश दिए थे, जिनमें जैदिया भी शामिल था। शहर भाजपा उपाध्यक्ष डॉ. भगवान सिंह मेड़तिया ने कहा है कि इस संबंध में डीएलबी से शिकायत की जाएगी। आयुक्त पंकज शर्मा का कहना है कि डीएलबी ने स्वच्छता सहायक लगाने से मना किया था।

वार्ड 39 के जमादार के खिलाफ पैसे का लेन-देन करने की शिकायत थी इसलिए हटाना पड़ा। पार्षद को सफाई से मतलब होना चाहिए। लेकिन उनकी रुचि एक ही जमादार में क्यों है। सबसे ज्यादा सफाई कर्मी इनके वार्ड में दिए। सबसे ज्यादा 40 लाख के काम भी इन्हीं के वार्ड में कराए हैं। फिर प्रताड़ना कैसी। -सुशीला राजपुरोहित, मेयर

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