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माेक्ष कलश याेजना:राेडवेज बसाें की हरिद्वार में एंट्री बंद, 2151 मृतकों को नहीं मिला मोक्ष

बीकानेर25 दिन पहले
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राजस्थान सरकार की माेक्ष कलश याेजना के तहत राेडवेज की हरिद्वार जाने वाली बसाें का संचालन नहीं हाेने से प्रदेश में 2151 कलश अटक गए हैं। इसमें बीकानेर के 32 यात्री शामिल हैं। इनके परिजनाें ने हरिद्वार जाने के लिए छह से 24 मई के बीच ये रिजर्वेशन करवाए थे।

राजस्थान सरकार की मोक्ष कलश योजना 2020 के तहत एक अस्थि कलश के साथ हरिद्वार जाने आने के लिए परिवार के दो सदस्यों को रोडवेज की नियमित एक्सप्रेस बस सेवा में निःशुल्क यात्रा उपलब्ध करवाने की सुविधा उपलब्ध करवाई गई थी ताकि किसी काे परेशानी न हाे।

वजह काेराेना के चलते दूसरे राज्याें में राेडवेज की बसाें काे एंट्री नहीं मिल रही थी। कई जिलाें से ट्रेन तक हरिद्वार के लिए नहीं थी। परेशानियाें काे देख यह व्यवस्था लास्ट ईयर की तरह की गई। इसी बीच काेराेना के केस तेजी से बढ़े राज्य सरकार काे लाॅकडाउन लगाना था। उसी के चलते यह बस सेवा शुरू नहीं हाे पाई।

मालूम चला कि यूपी सरकार बसाें काे राज्य में प्रवेश नहीं दे रही है। उधर राेडवेज पीआरओ सुधीर भाटी ने बताया कि यूपी सरकार काे राेडवेज बसाें काे हरिद्वार जाने के लिए परमिशन देने वास्ते के पत्र लिखा है, लेकिन अभी तक काेई जवाब नहीं मिला है। इस वजह से राेडवेज बसें हरिद्वार नहीं भेजी जा रही है।

उद्देश्य यथासमय हाे अस्थियाें का विसर्जन : राज्य सरकार ने मृत व्यक्ति की अस्थियों का यथासमय विसर्जन हो सके, इस वास्ते उसके परिवार के अधिकतम दो सदस्यों को एक अस्थि कलश के साथ हरिद्वार जाने आने के लिए रोडवेज की एक्सप्रेस बसों में निःशुल्क यात्रा उपलब्ध करवाने की व्यवस्था की थी ताकि राज्य के किसी भी शहर से 23 मोक्ष कलश व 46 यात्री होने पर विशेष बस सेवा के जरिए हरिद्वार भिजवाया जा सके।

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