राहत:आज से नहरों को नहीं मिलेगा सिंचाई का पानी, पीने का 251 क्यूसेक देंगे

बीकानेर9 महीने पहले
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  • 21 मार्च तक जिले को मिलता रहेगा इतना पानी, उसके बाद पंजाब शुरू करेगा नहरबंदी

नहरबंदी शुरू हो चुकी है। अब से नहरों में केवल पीने का पानी चलेगा। जो 21 मार्च तक मिलेगा। 21 मार्च को पंजाब नहरबंदी शुरू कर देगा, जो 70 दिन की होगी। नहरबंदी के दौरान 1 से 31 मई तक मरम्मत के लिए नहरें पूरी तरह से सूखी रहेगी। ये आदेश शनिवार को सिंचिंत क्षेत्र विकास विभाग के अतिरिक्त आयुक्त ने जारी किए।

अतिरिक्त आयुक्त संजय धवन के आदेश के मुताबिक नहरों में चलने वाली पीने का पानी का इस्तेमाल सिंचाई के लिए न हो इसके लिए इंदिरा गांधी नहर परियोजना के मुख्य अभियंता और अतिरिक्त मुख्य अभियंताओं की जिम्मेवारी तय की गई है। रविवार को सुबह छह बजे से सिंचाई नहरों में सिंचाई के लिए पानी को पूर्णतया बंद कर दिया गया है।

पहले चरण में नहरों में 21 मार्च तक पीने का पानी चलाया जाएगा। इस अवधि में बीकानेर जिले को 251 क्यूसेक पानी मिलेगा। इस अवधि में कंवरसेन जलोत्थान नहर को 148 क्यूसेक, बीकानेर शहर के सूरसागर झील को 2 क्यूसेक, शोभासर जलाशय के लिए 76 क्सूसेक और बरसिंहसर थर्मल प्लांट के लिए 25 क्यूसेक पानी मिलेगा। पानी चोरी का खतरा, इसलिए गश्त होगी : नहरबंदी के दौरान किसान पीने के पानी का इस्तेमाल सिंचाई के लिए न करे इसके लिए अब जल संसाधन, राजस्व, सिंचित क्षेत्र विकास एवं पुलिस कर्मचारी नहरों की गश्त करेंगे। पानी चोरी की सूचना के लिए अधिशासी अभियंता के स्तर पर नियंत्रण कक्ष स्थापित किए जाएंगे। इसके अलावा टास्क फोर्स गठित की गई है।

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