पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

पुरुषोत्तम मास:ध्यान, योग, धार्मिक व आध्यात्मिक कार्यों से शरीर शुद्ध करने का अधिकमास कल से

बीकानेर10 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
  • 18 सितंबर से 16 अक्टूबर तक पुरुषोत्तम मास
  • हर 3 साल में जोड़ा जाता है एक चंद्रमास, तभी सूर्य के बराबर आता है चंद्रमा का समय

सूर्य व चंद्रमा के एक वर्ष के बीच आने वाले 11 दिनों के अंतर को दूर करने के लिए हर 3 वर्ष में आने वाला पवित्र महीना अधिकमास (पुरुषोत्तम मास) इस बार अश्विन माह में आया है। अधिकमास 18 सितंबर से शुरू होकर 16 अक्टूबर तक चलेगा। इस दौरान भगवान श्रीहरि (विष्णु) की विशेष पूजा करनी चाहिए।ज्योतिर्विद पंडित हरिनारायण व्यास मन्नासा के मुताबिक, अधिक मास शुक्ल पक्ष से शुरू होकर कृष्ण पक्ष की समाप्ति

तक रहता है, जिसे आर्क संक्रमण कहते हैं। दोनों पक्ष बीत जाने के बाद उस महीने का शुद्ध शुक्ल पक्ष शुरू होता है। देश में कुछ जगहों पर इस महीने को मलमास के नाम से भी जाना जाता है। इस महीने में धर्म परायण लोग पूजा-पाठ, भगवत भक्ति, व्रत-उपवास, जप और योग आदि धार्मिक कार्य करते हैं। ध्यान, योग, धार्मिक व आध्यात्मिक कार्यां से शरीर शुद्ध किया जाता है। मान्यता है कि अधिकमास में किए गए धार्मिक कार्य, किसी भी अन्य माह में किए गए पूजा-पाठ से 10 गुना अधिक फल देते हैं।

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- आज का दिन पारिवारिक व आर्थिक दोनों दृष्टि से शुभ फलदाई है। व्यक्तिगत कार्यों में सफलता मिलने से मानसिक शांति अनुभव करेंगे। कठिन से कठिन कार्य को आप अपने दृढ़ विश्वास से पूरा करने की क्षमता रखे...

और पढ़ें