हॉस्पिटल से फरार कैदी को कुछ घंटों में पकड़ा:एक सिपाही सो गया दूसरा पानी लेने गया था, हथकड़ी खोल भागा

चित्तौड़गढ़21 दिन पहले
हॉस्पिटल में एडमिट जेल का कैदी भागते हुए।

हॉस्पिटल में एडमिट जिला जेल का एक बंदी बीती देर रात अपनी हथकड़ी खोलकर भाग निकला, जिसे सुबह होते ही पुलिस ने बस्सी कस्बे से ही गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को 20 दिन पहले ही चंदेरिया थाना पुलिस ने एक चोरी के मामले में गिरफ्तार किया था। कैदी समीर खां रात को अपने घर नहीं गया सुबह भी वह कस्बे में घूम रहा था और अपने घर जाने के फिराक में था। इतने में पकड़ा गया।

दो सिपाही तैनात फिर भी भाग गया कैदी

हॉस्पिटल में दो सिपाही तैनात थे, इसके बावजूद भी कैदी भाग निकला। तैनात दो सिपाहियों में से एक सिपाही पानी लेने गया और दूसरे को नींद आ गई। इस बात का फायदा उठाकर बंदी भाग निकला। कैदी के भागने के 30 सेकंड बाद ही संतरी की नींद खुली। उसने आसपास देखा लेकिन कैदी नहीं मिला। दोनों सिपाहियों ने तुरंत हॉस्पिटल मैनेजमेंट को इसकी जानकारी दी और सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए तो पता चला कि वह हॉस्पिटल से भाग चुका। सूचना पर सदर थाना पुलिस ने आसपास नाकाबंदी की और बस्सी थाना पुलिस को भी सूचना दी।

जेल में पी ली थी फिनाइल

कैदी समीर बस्सी का निवासी है। 20 दिन पहले ही बस्सी पुलिस ने उसे पकड़कर चंदेरिया पुलिस को सौंप दिया था। समीर चंदेरिया थाने में ट्रक चोरी के मामले में 10 सालों से वांछित था। जिस पर चंदेरिया पुलिस ने आरोपी समीर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। जेल में ही पांच मई को फिनाइल पी ली थी जिसके बाद उसे हॉस्पिटल में एडमिट करवाया गया था। बताया जा रहा है कि समीर स्मैक पीने का आदी है। उसके पिता छोटू खान की मौत डेढ़ महीना पहले ही हुई थी। हथकड़ी कैसे खुली और एक सिपाही पानी भरने से पहले दूसरे सिपाही को जगा कर क्यों नहीं गया, यह तो जांच का विषय है।