चारा संकट में मदद के लिए आगे आए 129 किसान:168 बीघा जमीन पर गोशालाओं के लिए उगाएंगे हरा चारा

हनुमानगढ़3 महीने पहले
कार्यशाला में तीन दानदाताओं ने टाउन की श्री गोशाला को 25 लाख 12 हजार 11 रुपए का आर्थिक सहयोग देने की घोषणा की।

हनुमानगढ़ जिले की गोशालाओं में चारे की कमी को लेकर कलेक्टर नथमल डिडेल ने कुछ दिन पहले किसानों से हरा चारा उगाने की अपील की थी। टाउन में शुक्रवार को गोशालाओं के लिए चारे की उपलब्धता सुनिश्चित करने को लेकर आयोजित कार्यशाला में इस अपील का असर नजर आया। कार्यशाला में आए किसानों में से 129 किसानों ने लिखित सहमति दी कि वे खुद की 168 बीघा जमीन पर गोशालाओं के लिए हरा चारा उगाएंगे। इस दौरान कृषि आदान विक्रेता संघ ने किसानों को हरा चारे का बीज निशुल्क उपलब्ध करवाने की घोषणा की। कार्यशाला में 3 दानदाताओं भादरा के मदन चंद पुत्र हनुमान दास ने 9 लाख, हनुमानगढ़ के जय प्रकाश मित्रुका पुत्र गौरीशंकर मित्रुका ने 5 लाख 1 हजार और हनुमानगढ़ के श्याम सुंदर खदरिया पुत्र बल्लूराम खदरिया ने 11 लाख 11 हजार 111 रुपए का आर्थिक सहयोग टाउन की श्री गोशाला को देने की घोषणा की।

कलेक्टर ने कहा कि पशु चारे की कमी को देखते हुए जिले की 220 गोशालाओं को 34 करोड़ का अनुदान तत्काल जारी किया गया है।
कलेक्टर ने कहा कि पशु चारे की कमी को देखते हुए जिले की 220 गोशालाओं को 34 करोड़ का अनुदान तत्काल जारी किया गया है।

कार्यशाला को संबोधित करते हुए कलेक्टर नथमल डिडेल ने कहा कि पवित्र व नेक उद्देश्य से आयोजित इस कार्यशाला में जिले भर के किसान गोशालाओं को चारा उपलब्ध करवाने के लिए आगे आए हैं और कृषि आदान विक्रेता संघ ने हरे चारे के बीज निशुल्क उपलब्ध करवाने की घोषणा की है। इस काम की जितनी प्रशंसा की जाए, कम है। मुझे पूरा विश्वास है कि अब हम जिले भर में गोशालाओं में चारे का प्रबंधन अच्छे से कर पाएंगे। उन्होंने कहा कि पशु चारे की कमी को देखते हुए जिले की 220 गोशालाओं को 34 करोड़ का अनुदान तत्काल जारी किया गया।

कृषि आदान विक्रेता संघ ने जिले भर के किसानों को हरे चारे का बीज निशुल्क उपलब्ध करवाने की घोषणा की।
कृषि आदान विक्रेता संघ ने जिले भर के किसानों को हरे चारे का बीज निशुल्क उपलब्ध करवाने की घोषणा की।

कृषि आदान विक्रेता संघ उपलब्ध कराएगा हरे चारे के मुफ्त किट
कार्यशाला को संबोधित करते हुए कृषि आदान विक्रेता संघ के अध्यक्ष बालकृष्ण गोल्याण ने कहा कि संघ जिले भर के किसानों को हरे चारे का बीज निशुल्क उपलब्ध करवाएगा। इसको लेकर किसान कृषि आदान विक्रेता संघ ने ब्लॉक वाइज पदाधिकारियों की नियुक्ति की है। किसान नोहर में संजय मोदी, भादरा में हरदत्त गोदारा, संगरिया में कुलदीप सहारण, टिब्बी में सुरेन्द्र कुमार, जंक्शन में गुरनेक सिंह तूर, टाउन में विजय कुमार रोंता, गोलूवाला में लक्षेर सिंह, पीलीबंगा में बाबूलाल जिंदल और रावतसर में हंसराज गोदारा से संपर्क कर हरे चारे के बीज के किट मुफ्त में प्राप्त कर सकते हैं।

कार्यशाला में आए किसानों में से 129 किसानों ने लिखित सहमति दी कि वे खुद की 168 बीघा जमीन पर गोशालाओं के लिए हरा चारा उगाएंगे।
कार्यशाला में आए किसानों में से 129 किसानों ने लिखित सहमति दी कि वे खुद की 168 बीघा जमीन पर गोशालाओं के लिए हरा चारा उगाएंगे।

वन विभाग की करीब 100 बीघा जमीन पर उगाएंगे हरा चारा
इससे पहले कार्यशाला को संबोधित करते हुए डीएफओ करण सिंह काजला ने बताया कि वन विभाग के कोहला फार्म में कम से कम 100 बीघा जमीन में हरे चारे की बुवाई गौशालाओं के लिए की जाएगी। पशुपालन विभाग के संयुक्त निदेशक डॉ ओम प्रकाश किलानियां ने बताया कि जिले की 220 गौशालाओं का अनुदान जारी कर दिया गया है। कृषि विभाग के उपनिदेशक दानाराम गोदारा ने किसानों से हरे चारे की अधिक से अधिक बुवाई की अपील की।

अजोला को वैकल्पिक चारे के रूप में उत्पादन की आवश्यकता
कृषि विभाग के प्रोजेक्ट डायरेक्ट आत्मा बलबीर खाती ने कहा कि अब प्रत्येक गौशाला स्तर पर अजोला को वैकल्पिक चारे के रूप में उत्पादन की आवश्यकता है। अजोला में 25 से 30 प्रतिशत प्रोटीन व खनिज होते हैं। इसमें सभी पोषक तत्व जैविक रूप में होते हैं जिनका 100 फीसदी पाचन संभव होता है। एक पशु को प्रतिदिन 100 ग्राम अजोला पशु आहार में फूड सप्लीमेंट के रूप में दिया जाए तो इससे पशुओं में कुपोषण की स्थिति नहीं आएगी। मात्र 25 वर्गफीट जगह में प्रतिदिन एक किलो उत्पादन प्राप्त किया जा सकता है जो 10 पशुओं के लिए पर्याप्त है। एक साल में 1 हेक्टेयर में 80 से 100 टन अजोला का उत्पादन प्राप्त किया जा सकता है।