बाथरूम में नहा रहे पति-पत्नी की मौत:REET की तैयारी कर थी मृतका, कारणों का नहीं चला पता

हनुमानगढ़7 दिन पहले
रावतसर थानाक्षेत्र के गांव थालड़का में बाथरूम में नहा रहे पति-पत्नी की संदिग्ध अवस्था में मौत हो गई।

बाथरूम में नहा रहे पति-पत्नी की संदिग्ध अवस्था में मौत हो गई। प्रथम दृष्टि में गैस से मौत होने की जानकारी सामने आ रही है। मामला हनुमानगढ़ जिले के रावतसर थानाक्षेत्र के गांव थालड़का का है। मृतका ननद के पास रहकर REET की तैयारी कर थी।

थालड़का चौकी प्रभारी जसवंत सिंह ने बताया कि मांगेराम निवासी मक्कासर ने सोमवार शाम को रावतसर थाने में मामला दर्ज कराया है। रिपोर्ट में बताया कि उसका भाई राकेश कुमार (38) पुत्र भागीरथ कुम्हार और उसकी भाभी बिमला देवी (37) पत्नी राकेश कुमार दोनों थालड़का में बहन-बहनोई के यहां गए हुए थे। उसके बहनोई विनोद वर्मा और बहन परिवार समेत धार्मिक यात्रा पर माथा टेकने गए हुए थे। मेरे भाई राकेश और भाभी बिमला देवी दोनों घर पर अकेले ही थे। दोनों ने घर के बाहर मुख्य गेट को अंदर से बन्द कर रखा था। दोनों बाथरूम में नहा रहे थे कि तभी अचेत हो गए। जब मेरी भांजी घर आई तो गेट अंदर से बंद देखकर आस-पड़ोस के लोगों को बुलाकर गेट खुलवाया। भाई-भाई जब घर में नहीं मिले और बाथरूम का गेट अंदर से बंद देखा तो गेट को तोड़ा तो पति-पत्नी अंदर बेहोश पड़े थे।

दोनों को आसपास के लोगों की मदद से गवर्नमेंट अस्पताल रावतसर लाया गया तो उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया, जिसके बाद जिला अस्पताल में डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। बाथरूम में लगा गीजर गैस से चलता है। इस कारण परिजनों ने गैस से मौत होने की आशंका व्यक्त की है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। थालड़का चौकी प्रभारी जसवंत सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्टयता गैस से ही मौत होना सामने आया है बाकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता चलेगा। पुलिस हर एंगल से जांच में जुट चुकी है। पुलिस ने पोस्टमार्टम करवा कर शव परिजनों को सुपुर्द कर दिया है।

मृतक बिमला देवी पत्नी राकेश कुमार निवासी मक्कासर ग्रेजुएट थी। वह अपनी ननद के पास रहकर पिछले 20-25 दिनों से रीट की तैयारी कर रही थी। हादसे के दिन उसकी बहन अपने पति के साथ धार्मिक यात्रा पर गई हुई थी, जिसके चलते वो घर पर ही अकेली थी। रविवार को छुट्टी होने के चलते उसका पति राकेश भी थालड़का उसके पास आ गया था। मृतक राकेश कुमार संगरिया में दुकान पर कार्य करता है। बहन-बहनोई के धार्मिक यात्रा से लौटने के बाद वो वापसी अपने काम पर जाने वाला था, लेकिन वो लौट नहीं सका।