मास्क पहनकर रोक लो यह लहर:तीसरी लहर का पहला वीकेंड कर्फ्यू, बाजार बंद रहे, रोडवेज की बसों में यात्रीभार घटा, 3 बसें बंद

करौली5 महीने पहले
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हिंडौन सिटी। वीकेंड कर्फ्यू के दौरान सूना पड़ा स्टेशन मार्ग। - Dainik Bhaskar
हिंडौन सिटी। वीकेंड कर्फ्यू के दौरान सूना पड़ा स्टेशन मार्ग।
  • आवश्यक वस्तुओं की दुकानें खुली, जिलेभर के बाजार रहे बंद

कोरोना की तीसरी लहर में संक्रमितों की दिनों दिन बढ़ रही संख्या को देखते हुए प्रदेश सरकार की ओर से लगाई गई पाबंदी के तहत सप्ताह में वीकेंड कर्फ्यू के आदेश जारी किए गए थे। उसके तहत पहला संडे कर्फ्यू में आवश्यक वस्तुओं की दुकानों को छोड़कर सभी बाजार बंद रहे। महामारी सतर्क-सावधान जन-अनुशासन अभियान के अंतर्गत कोविड-19 की तीसरी लहर में संक्रमण को तेजी से फैलने के लिए रोकने से लिए राज्य सरकार की ओर से पहला वीकेंड कर्फ्यू रविवार को पूरे दिन लागू रहा। कर्फ्यू को देखते हुए रोडवेज बसों में भी यात्रीभार कम रहा। इस कारण जयपुर व गुढ़ाचन्द्रजी की तीन रोडवेज बसों का संचालन निरस्त करना पड़ा। आदेश के अनुसार वीकेंड कर्फ्यू शनिवार रात 11 बजे शुरू हुआ सोमवार सुबह 5 बजे तक रहेगा। हालांकि, कर्फ्यू की शुरुआत में ही शहर में खास सख्ती नहीं दिखी। दुकानें तो बंद रही, लेकिन कई लोग बाजारों में बिना मास्क दिखाई दिए। ऐसे लोगों को गश्त कर रही पुलिस ने खदेड़ कर दूर किया।

रोडवेज की 63 में से 60 बसों का हुआ संचालन

एक दिन में घट गया 5 हजार यात्रीभार वीकेंड कर्फ्यू के कारण रोडवेज बसों में भी यात्रीभार आधा रह गया। कई रुटों पर यात्रीभार नहीं मिलने के कारण सुबह 5 बजे जयपुर जाने वाली, साढ़े 8 बजे हिंडौन, नादौती व गुढ़ाचन्द्रजी जाने वाली व 10 बजे जयपुर जाने वाली बस को निरस्त करना पड़ा। यही नहीं एक दिन में यात्रीभार भी 5 हजार कम हो गया। प्रतिदिन रोडवेज की 63 बसों का संचालन किया जाता है। जिनमें 10 से 12 हजार यात्री यात्रा करते हैं। रविवार को 60 बसों का संचालन हुआ और इनमें करीब 5 हजार यात्रियों ने ही यात्रा की। हिंडौन आगार के मुख्य प्रबंधक गजानंद जांगिड़ ने बताया कि हिंडौन व करौली रोडवेज आगार में 77 बसें हैं और विभिन्न परिक्रमों में 77 रुट निर्धारित किए हुए हैं। इनमें हिंडौन, करौली, भरतपुर, गंगापुर, सपोटरा, कैलादेवी, नादौती, टोडाभीम, गुढाचन्द्रजी, भुसावर, बयाना, दिल्ली, महवा, जयपुर, दौसा, श्रीमहावीरजी, भिवाड़ी, अलवर, सूरौठ, बयाना आदि शामिल हैं। लेकिन ड्राईवरों की कमी के कारण प्रतिदिन 63 बसों का 63 रुट पर ही संचालन किया जा रहा है।

इन्हें दी गई कर्फ्यू में छूट
वे फैक्टियां, जिनमें निरंतर उत्पादन हो रहा हो। रात्रिकालीन शिफ्ट चालू हो।
आईटी, दूरसंचार, ई-कॉमर्स कम्पनियां।
कैमिस्ट शॉप।
विवाह-समारोह आयोजन संबंधी।
अनिवार्य एवं आपातकालीन सेवाओं से संबंधित कार्यालय।
चिकित्सा सेवाओं से संबंधित कार्यस्थल।
वैक्सीनेशन स्थल पर आने-जाने के लिए।
बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और एयरपोर्ट से आने-जाने वाले यात्री।
माल परिवहन करने वाले भार वाहनों के आवागमन, माल के लोडिंग एवं अनलोडिंग व इसके लिए नियोजित व्यक्ति।
दूध, किराना, सब्जी-फल की दुकानें।

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