यूथ कांग्रेस चुनाव:अध्यक्ष के लिए 16 और महासचिव पर 218 प्रत्याशी मैदान में, 50 के नोट के साथ 1 वोट

जयपुर10 दिन पहले
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चार पदों के लिए ऑनलाइन हो रहे हैं मतदान। - Dainik Bhaskar
चार पदों के लिए ऑनलाइन हो रहे हैं मतदान।

यूथ कांग्रेस के चुनाव में प्रदेशाध्यक्ष, महासचिव, जिलाध्यक्ष और विधानसभा अध्यक्ष के पदों के नामों की अंतिम सूची तैयार हो गई है। प्रदेशाध्यक्ष के पद के लिए 16 प्रत्याशी मैदान में हैं। जबकि महासचिव के लिए 218 प्रत्याशी हैं। इनके अलावा यूथ कांग्रेस के 40 जिलों के अध्यक्ष और सभी 200 विधानसभा क्षेत्रों के लिए विधानसभा अध्यक्ष के लिए भी बड़ी संख्या में प्रत्याशी मैदान में हैं।

यानी वोट देने वाला प्रत्येक युवा एप विद आईवाईसी के जरिए 50 रुपए देकर चार पदों के लिए एक साथ वोट कर सकेगा। हालांकि नामांकन प्रक्रिया की घोषणा के साथ ही वोट देने के लिए 50 रु. देने की प्रक्रिया पर विवाद हो गया था, जिसका युवा विरोध कर रहे हैं।

प्रदेशाध्यक्ष पद के अंतिम 16 प्रत्याशी
पूजा भार्गव, राजेश गुर्जर, डिंपल सिंदल, सतवीर चौधरी, आशीष बैरवा, सुधींदर मूंद, विकास कुमार व्यास, राकेश मीणा, राजेश रलिया, अभिमन्यु पूनिया, यशवीर शूरा, अजय जैन, चंद्रप्रकाश मीणा, अरबाब खान एवं अशोक कुल्हरिया। इन प्रत्याशियों में पूजा भार्गव, राजेश गुर्जर, डिंपल सिंदल, आशीष बैरवा, राजेश रलिया, यशवीर शूरा, अजय जैन, चंद्रप्रकाश मीणा, अरबाब खान और अशोक कुल्हारिया निवर्तमान कार्यकारिणी में महासचिव, उपाध्यक्ष, सचिव व कार्यकारिणी सदस्य के रूप में शामिल हैं। जबकि सतवीर चौधरी एनएसयूआई के पूर्व में राष्ट्रीय सचिव रहे हैं और यूनिवर्सिटी छात्र संघ अध्यक्ष भी रहे। सुधींदर मूंद झुंझुनूं यूथ कांग्रेस जिलाध्यक्ष रहे हैं। राकेश मीणा और अभिमन्यु पूनिया एनएसयूआई के पूर्व में प्रदेशाध्यक्ष रहे हैं।

दिल्ली ने थोपा चुनाव, प्रक्रिया के साथ ही विवाद
यूथ कांग्रेस के चुनाव की प्रक्रिया शुरू होने के साथ ही वोट देने की प्रक्रिया पर ही विवाद हो गया था। ऐसे में कई युवा चुनाव मैदान में नहीं कूदे हैं। कारण हर वोट पर 50 रुपए लेना। असल में विद आईवाईसी एप के जरिए इस बार ऑनलाइन चुनाव कराए जा रहे हैं। इसमें 18 से 35 साल तक के युवा वोट दे सकते हैं। विवाद इस बात पर है कि जहां कांग्रेस के सदस्य बनने के लिए केवल 5 रुपए शुल्क है, वहीं यूथ कांग्रेस के लिए 50 रुपए देकर वोटर के साथ सदस्य बनेगा। अब चूंकि पहले सदस्य नहीं बनाए गए हैं, वोट के साथ सदस्य बनेंगे, ऐसे में आशंका है कि इसमें प्रत्याशी भी पैसे के दम पर अधिक वोट करवा सकते हैं। आरोप हैं कि वास्तविक कार्यकर्ता के बजाय पैसा खर्च करने वाला जीत सकता है।

अध्यक्ष-महासचिव की राशि 7550 रु. जिलाध्यक्ष के लिए 3000 और विधानसभाध्यक्ष के लिए 500 रु. फीस रखी थी।
28 जनवरी से 27 फरवरी तक वोटिंग

प्रत्याशियों की अंतिम सूची तैयार होने के साथ ही अब 28 जनवरी से ऑनलाइन वोटिंग शुरू होगी। यह 27 फरवरी तक चलेगी। इसमें सर्वाधिक राशि के साथ सबसे ज्यादा वोट पाने वाले अध्यक्ष पद के तीन प्रत्याशियों को प्रथम चरण का विजेता माना जाएगा। इनकी सूची दिल्ली आलाकमान के पास पहुंचेगी। दिल्ली में तीनों का इंटरव्यू होगा। इसके बाद अध्यक्ष पद के प्रत्याशी की घोषणा की जाएगी। इस पर भी आरोप हैं कि मेहनत कर प्रत्याशी जीत भी जाएंगे, लेकिन उनका अंतिम निर्णय दिल्ली से होगा, जो प्रत्याशियों के साथ सही नहीं होगा।

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