कोविड-19 का प्लेसमेंट पर नहीं दिखा ज्यादा असर:आईआईटी बॉम्बे में 248 छात्रों को 16 लाख से ज्यादा का पैकेज; आईआईएम में भी औसत पैकेज बढ़ा

जयपुर4 महीने पहलेलेखक: दीपक आनंद
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आईआईटी बॉम्बे, फाइल फोटो। - Dainik Bhaskar
आईआईटी बॉम्बे, फाइल फोटो।

आईआईटी व आईआईएम के दो एकेडमिक सेशन कोविड-19 से भले प्रभावित हुए हों लेकिन प्लेसमेंट के लिहाज से ज्यादा असर नहीं दिखा। आईआईटी बॉम्बे और आईआईटी खड़गपुर का अधिकतम पैकेज एक करोड़ से अधिक रहा। हालांकि प्लेसमेंट रिपोर्ट में इसका खुलासा नहीं है। वहीं, लॉकडाउन के चलते कंसल्टेंसी बढ़ने से टॉप आईआईएम का प्लेसमेंट भी अच्छा रहा और एवरेज पैकेज बढ़ा है। आईआईटी बॉम्बे के 248 छात्रों को 16 लाख रुपए से अधिक का पैकेज ऑफर हुआ, जो प्री-कोविड से बेहतर है।

वहीं, 2020 में 248 छात्रों को यह पैकेज मिला था। आईआईटी दिल्ली ने अपने अधिकतम पैकेज का खुलासा नहीं किया, लेकिन एनालिटिकल सेक्टर में प्लेसमेंट में कमी आई है। आईआईटी मद्रास की प्लेसमेंट रिपोर्ट बताती है कि 2020 में बीटेक स्टूडेंट्स का अधिकतम पैकेज 1.33 करोड़ रुपए था। इस बार मैक्सिमम पैकेज 64.3 लाख रुपए ही है, लेकिन न्यूनतम और एवरेज पैकेज प्री-कोविड के मुकाबले बढ़ा है। ऐसे ही आईआईएम अहमदाबाद के अधिकतम पैकेज में कमी आई है पर प्लेसमेंट पाने वाले स्टूडेंट की संख्या नहीं घटी। कलकत्ता, बेंगलुरू सहित ज्यादातर आईआईएम का एवरेज पैकेज पिछले साल से बेहतर रहा है।

  • आईआईएम अहमदाबाद ने आईआईएम की प्लेसमेंट रिपोर्टिंग पर यूनिफॉर्म पॉलिसी बनाई थी। परफॉर्मेंस का आधार अधिकतम पैकेज नहीं, एवरेज व मीडियन पैकेज होना चाहिए। कोरोना में कंसल्टेंसी की वजह से आईआईएम का प्रदर्शन अच्छा रहा है। - प्रो. जनत शाह, डायरेक्टर, आईआईएम उदयपुर
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