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लादू ने फिर बिगाड़ा भाजपा का गुणा-भाग:46 दिन पहले लादूलाल पितलिया को भाजपा ने घर वापसी कराई, ताकि चुनाव में फायदा मिले; टिकट नहीं मिला ताे निर्दलीय मैदान में उतरे

जयपुर3 महीने पहले
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  • भाजपा के सामने दूसरा संकट बद्रीलाल जाट, इन्हें हनुमान बेनीवाल की पार्टी से मिला टिकट

सहाड़ा विधानसभा सीट पर कांग्रेस के बाद अब भाजपा में भी बगावत शुरू हो गई है। टिकट नहीं मिलने से भाजपा नेता लादूलाल पितलिया नाराज हैं। उन्होंने निर्दलीय नामांकन दाखिल करने की घोषणा की है। अब घर वापसी के 46 दिन में ही पितलिया के बागी होने से पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की किरकिरी हो रही है।

लादूलाल पितलिया को 10 फरवरी को भाजपा में दोबारा शामिल किया गया था। सहाड़ा उपचुनाव को देखते हुए पार्टी के बड़े नेताओं ने ऐसा निर्णय लिया था। जयपुर भाजपा मुख्यालय में प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया, नेता प्रतिपक्ष गुलाबचंद कटारिया और उपनेता प्रतिपक्ष राजेंद्र राठौड़ सहित कई वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में भाजपा में शामिल किया गया था। उस वक्त सतीश पूनिया सहित सभी नेताओं ने कहा था- पितलिया के वापस पार्टी में आने से सहाड़ा उपचुनाव में फायदा मिलेगा।

फोटो 10 फरवरी का जयपुर प्रदेश भाजपा कार्यालय का है जब लादूलाल पितलिया ( दाएं से पहले) का निष्कासन खत्म कर भाजपा में शामिल किया गया, पितलिया अब फिर बगावत कर दी है
फोटो 10 फरवरी का जयपुर प्रदेश भाजपा कार्यालय का है जब लादूलाल पितलिया ( दाएं से पहले) का निष्कासन खत्म कर भाजपा में शामिल किया गया, पितलिया अब फिर बगावत कर दी है

2018 के चुनाव में पितलिया को मिले थे 30 हजार से अधिक वोट
लादूलाल पितलिया नवंबर 2018 तक भाजपा में थे। बगावत पर आए तो इन्हें पार्टी से निकाल दिया गया। दिसंबर 2018 में निर्दलीय चुनाव लड़े। विधानसभा चुनाव में 30,573 वोट मिले। 10 फरवरी 2020 में फिर घर वापसी हुई। 46 दिन बाद फिर पितलिया बगावत की राह पर हैं। ऐसे में सबसे ज्यादा नुकसान भाजपा को ही होगा। कांग्रेस इस बगावत को भुनाने की कोशिश करेगी।

बद्रीलाल जाट के भाई रूपलाल जाट को इस बार टिकट नहीं मिला

भाजपा के सामने दूसरा संकट बद्रीलाल जाट हैं। इन्हें हनुमान बेनीवाल की पार्टी से टिकट मिला है। बद्रीलाल जाट के भाई रूपलाल जाट को इस बार टिकट नहीं मिला तो उनके भाई ने आरएलपी से ताल ठोंक दी है। पिछले चुनाव में रूपलाल जाट को 58,414 वोट मिले थे। वह दूसरे स्थान पर थे। इन दोनों की उम्मीदवारी से भाजपा को ही नुकसान होने वाला है।

वरिष्ठ नेताओं की किरकिरी, अब डेमेज कंट्रोल की कवायद
लादूलाल पिलिया को 10 फरवरी को सहाड़ा उपचुनावों का हवाला देकर ही वापस भाजपा में लिया गया था। उनके बागी होने से पार्टी के वरिष्ठ नेता पितलिया को मनाने की कवायद में जुटे हुए हैं।

सहाड़ा से कांग्रेस का टिकट नहीं मिलने से नाराज राजेंद्र त्रिवेदी समर्थकों के साथ मंत्री रघु शर्मा
सहाड़ा से कांग्रेस का टिकट नहीं मिलने से नाराज राजेंद्र त्रिवेदी समर्थकों के साथ मंत्री रघु शर्मा

इधर, कांग्रेस में राजेंद्र त्रिवेदी खेमे को मनाने का दावा, लेकिन दरार तो पड़ चुकी
कांग्रेस में सहाड़ा से उम्मीदवार गायत्री त्रिवेदी के देवर राजेंद्र त्रिवेदी के समर्थकों ने जयुपर पहुंचकर दिन भर विरोध किया था। बाद में कांग्रेस नेताओं ने सहाड़ा में सबकुछ ठीक होने का दावा किया। सहाड़ा के प्रभारी रघु शर्मा ने नाराज राजेंद्र त्रिवेदी समर्थक नेताओं को मुख्यमंत्री से मिलवाने की बात कहते हुए नाराजगी दूर होने का दावा किया। कांग्रेस ने मुख्यमंत्री से मिलते हुए राजेंद्र त्रिवेदी समर्थकों के फोटो तो जारी नहीं की, लेकिन रघु शर्मा से मुलाकात करते हुए फोटो जारी कर सब कुछ ठीक होने का दावा किया। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि कांग्रेस दावा कुछ भी करे लेकिन राजेंद्र त्रिवेदी समर्थक मानने को तैयार नहीं है और अब भितरघात की भावना और बढ़ गई है।

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