जयपुर में 65 लाख ठगने वाले नाइजीरियन की पत्नी गिरफ्तार:40 से अधिक बोगस बैंक अकाउंट में करोड़ों रुपए का ट्रांजेक्शन मिला

जयपुर5 महीने पहले

जयपुर की मुहाना पुलिस ने मेडिसन केमिकल के बिजनेस का झांसा देकर 65 लाख की साइबर ठगी का खुलासा किया है। पुलिस ने साइबर ठगी में नाइजीरियन ठग की पत्नी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी महिला के कब्जे से 9 मोबाइल, 3 फर्जी सिमकार्ड, एक लेपटॉप और 5 लाख रुपए बरामद किए है। पुलिस को 40 से अधिक बोगस बैंक अकाउंट में करोड़ों रुपए का ट्रांजेक्शन मिला है। फिलहाल गिरफ्तार साइबर ठग महिला से पूछताछ की जा रही है।

DCP (साउथ) योगेश गोयल ने बताया कि साइबर ठगी में आरोपी महिला देवी प्रकाश अम्बेडकर (35) निवासी मानपाडा पलावा महाराष्ट्र को गिरफ्तार किया है। पिछले करीब 15 दिन से पुलिसकर्मियों की टीम लगातार दिल्ली, महाराष्ट्र्र, मुम्बई, पुणे और पालवा में दबिश दे रही थी। कॉन्स्टेबल मुकेश कुमार के ट्रेस करने पर पुलिस टीम को साइबर ठग महिला देवी प्रकाश को गिरफ्तार करने में कामयाबी मिली। इसके कब्जे से 5 कीपेड मोबाइल, 4 मल्टीमिडिया मोबाइल, फर्जी आईडी के 3 सिमकार्ड, 1 लेपटॉप, 1 लाख कैश और बैंक अकाउंट में मिले 4 लाख रुपए फ्रीज किए गए है। गिरफ्तार आरोपी महिला देवी प्रकाश पूर्व में कॉल सेंटर पर काम करती थी। पिछले 10 साल से जॉर्ज आईकेई नाईजीरियन के कॉन्टैक्ट में थी। शादी कर मुंबई और महाराष्ट्र में अलग-अलग जगह किराए के मकान लेकर पहचान छिपाकर साइबर ठगी की वारदात को अंजाम देते।

मेडिकल केमिकल के नाम पर प्रोफिट का देते झांसा
साइबर गैंग कोरोना महामारी और अन्य बीमारियों के इलाज में यूज आने वाली मेडिसिन बनाने के काम आने वाले कैमिकल (पिनालिया टरनाटा लिक्विड एक्सट्रेक्शन अर्क) का व्यापार करने का झांसा देकर सोशल मीडिया ऐप से संपर्क करती। खुद को अमेरिका की फार्मा कंपनी का प्रतिनिधी बताकर फर्जी सिमकार्ड से कॉल कर झांसे में लेते। केमिकल खरीदकर सप्लाई करके अच्छा प्रोफिट कमाने के साथ ही इसे खरीदने वाली कंपनी के बारे में भी जानकारी देकर बातों में लेते।

बोगस अकाउंट्स में मिला करोड़ों का ट्रॉजेक्शन
केमिकल खरीदने का पेमेंट लेने के लिए अलग-अलग बोगस बैंक अकाउंट भी यूज करते। साइबर ठग गैंग के ठगी के लिए 40 से अधिक बोगस बैंक अकाउंट होना पता चला है। जिसमें एक ही व्यक्ति के नाम से 26 बोगस बैंक अकाउंट मिले है। जांच में बोगस बैंक अकाउंट्स से करोड़ों रुपए का ट्रांजेक्शन होना सामने आया है।

साइबर ठगों ने हड़पे थे 65 लाख
धौलाई मुहाना निवासी रवी शेखर शर्मा (31) ने 10 जुलाई को मामला दर्ज करवाया। लिंक्डइन सोशल मीडिया ऐप के जरिए उससे कॉन्टैक्ट किया गया। भारत में मेडिशिनल प्लांट (पिनालिया टरनाटा लिक्विड एक्सट्रेक्शन का अर्क) बेचने के नाम पर कॉन्टैक्ट किया गया था। भारत में 2750 डॉलर प्रति किलो और अमेरिका में 3700 डॉलर प्रति लीटर में बेचने का झांसा दिया। अमेरिकन कंपनी रैक्लीन ग्रुप का अफसर बनकर विलियम जोनसन नाम के व्यक्ति ने कंपनी की ओर से ई-मेल भी करवाया। सैम्पल खरीदने के लिए एसजी एंटरप्राइजेज नाम की फर्म में रुपए जमा करवा लिए। सैम्पल को लेकर चैकिंग के लिए दिल्ली होटल में बुलाया। इसके बाद मीटिंग कर झांसा देकर 65 लाख रुपए अलग-अलग अकाउंट में डालकर ठग लिए।