राजस्थान में विधायकों से रायशुमारी:विधायकों ने 4 मंत्रियों की शिकायत की, बोले- वे हमारी नहीं सुनते; पायलट समर्थक MLA ने कहा- धारीवाल मंत्रियों में हीरो लेकिन प्रभारियों में जीरो

जयपुर6 महीने पहले
  • कई विधायकों ने कहा, फूट में है लूट, पायलट-गहलोत गुट एक हुए बिना नहीं जीतेगे

मंत्रिमंडल में फेरबदल से पहले कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी अजय माकन ने पार्टी और समर्थक विधायकों का मन टटोलना शुरू कर दिया है। माकन ने विधानसभा में आज 12 जिलों के 66 विधायकों से जिलेवार वन-टू-वन फीडबैक लिया। विधायकों ने मंत्रियों की कार्यशैली पर सवाल उठाए। पायलट समर्थक विधायक वेदप्रकाश सोलंकी ने कहा कि धारीवाल मंत्रियों में हीरो लेकिन प्रभारी में जीरो हैं।

विधायकों ने स्वास्थ्य मंत्री रघु शर्मा, शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा, जलदाय मंत्री बीडी कल्ला, सहकारिता मंत्री परसादीलाल मीणा, परिवहन मंत्री प्रतापसिंह खाचरियावास और यूडीएच मंत्री शांति धारीवाल की कार्यशैली पर सवाल उठाए। रघु शर्मा, डोटासरा और धारीवाल के व्यवहार को लेकर भी कई विधायकों ने शिकायत की। धारीवाल के बारे में विधायकों ने कहा कि उनसे कई दिक्कतें हैं, वो तो बैठक तक नहीं लेते। ढाई साल में कोई बैठक तक नहीं ली। विधायक भरत सिंह ने खान मंत्री प्रमोद जैन भाया पर गड़बड़ियों के आरोप लगाते हुए हटाने की मांग कर दी।

विधायकों ने जलदाय मंत्री बीडी कल्ला के खिलाफ विभाग के प्रोजेक्ट्स में गड़बड़ियों और विधायकों के काम नहीं करने की शिकायत की। वेदप्रकाश सोलंकी ने बीडी कल्ला पर जल जीवन मिशन के टेंडर देने में भाई भतीजावाद करने का आरोप लगाया। रघु शर्मा के खिलाफ कई विधायकों ने ट्रांसफर पोस्टिंग में मनमानी करने की शिकायत की। वहीं, विधायक गंगा देवी ने शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा के खिलाफ पार्टी विधायकों से खराब व्यवहार करने के आरोप लगाए। शांति धारीवाल के खिलाफ भी विधायकों से खराब व्यवहार करने, काम नहीं करने के आरोप लगाए।

कई विधायकों ने कहा, फूट में है लूट, पायलट-गहलोत एकजुट हुए बिना नहीं जीतेगे

कई विधायकों ने सचिन पायलट और अशोक गहलोत गुट के बीच चल रही खींचतान को मिटाने की सलाह दी। फिर से सरकार बनाने के सवाल पर कई विधायकों ने माकन से कहा क पार्टी की आपसी फूट से भारी नुकसान हो रहा है। गहलोत-पायलट गुट में बंटे रहने से पार्टी का एक तरह से ग्रासरूट लेवल तकक वर्टिकल डिविजन के हालात हो रखे हैं, इसे खत्म करना जरूरी है।

जयपुर के विधायकों ने की प्रभारी मंत्री की शिकायत

जयपुर से फीडबैक के बाद माकन से मिलकर लौटे परिवहन मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने कहा- आज का संवाद अच्छे माहौल में किया जा रहा है। सरकार की योजनाओं का फीडबैक लिया जा रहा है। कांग्रेस और राजस्थान को कैसे मजबूत किया जा सकता है, इस पर भी फीडबैक लिया जा रहा है। 2023 के विधानसभा चुनाव में कैसे पार्टी राजस्थान में दोबारा सरकार बनाएं, इस पर भी अजय माकन को हमने फीडबैक दिया है। जयपुर के प्रभारी मंत्री शांति धारीवाल के खिलाफ जयपुर के कई कांग्रेस विधायकों ने माकन से शिकायत की। विधायकों ने कहा कि पिछले ढाई साल में प्रभारी मंत्री के नाते धारीवाल ने जयपुर में एक बैठक तक नहीं की। इससे कई तरह की दिक्कतें आ रही हैं।

वहीं दूसरी ओर, सचिन पायलट समर्थक विधायक वेद प्रकाश सोलंकी ने कहा- जीते हुए विधायकों से तो राय ली जा रही है, वे नेता भी महत्वपूर्ण हैं, जो विधानसभा क्षेत्र में चुनाव हार गए थे। वह भी कांग्रेस के महत्वपूर्ण अंग हैं। पूरे राजस्थान का फीडबैक तभी आएगा, जब सभी नेताओं से राय ली जाएगी। जिन 80 से ज्यादा सीटों पर कांग्रेस हार गई, उनका फीडबैक कौन देगा। इसलिए सभी 200 सीटों का फीडबैक लेने के लिए हारे हुए उम्मीदवारों से राय लेने की जरूरत है।

अजय माकन ने विधायकों से पूछ ये सवाल

  • प्रभारी मंत्री कैसा काम कर रहे हैं, उनके खिलाफ कोई शिकायत?
  • विकास योजनाओं का कामकाज कैसा चल रहा है, आपको कोई शिकायत?
  • जिलाध्यक्ष कौन हो, ब्लॉक अध्यक्ष कौन हो, उनके नाम सुझा दीजिए?
  • आपके क्षेत्र में राजनीतिक नियुक्तियों के लिए प्रभावी नेता कार्यकर्ता के नाम बताइए?
  • सरकार रिपीट कैसे हो, इसके बारे में सुझाव?

सचिन पायलट नहीं शामिल होंगे रायशुमारी में

सचिन पायलट रायशुमारी में शामिल नहीं होंगे। पायलट ने कल मंगलवार को दिल्ली में अजय माकन के साथ लंबी मुलाकात कर अपने मुद्दे रख दिए। पायलट ने साल भर पहले तय हुए मुद्दों के जल्द समाधान की मांग के साथ सत्ता और संगठन में पहले वाली भागीदारी मांगी है।

पहले दिन 12 जिलों के 66 विधायकों से बात

अजय माकन आज (बुधवार) पहले दिन 12 जिलों के 66 कांग्रेस और निर्दलीय विधायकों से वन टू वन बात की। जयपुर, झुंझुनूं, सीकर, अलवर, दौसा, बूंदी, कोटा, भरतपुर, धौलपुर, करौली और सवाईमाधोपुर जिलों के विधायकों से वन टू वन बात की।

कल 20 जिलों के विधायकों से रायशुमारी

दूसरे दिन गुरुवार को अजय माकन 20 जिलों के विधायकों से मिलेंगे। 29 को सुबह 10 बजे अजमेर के विधायकों से शुरुआत होगी। अजमेर के बाद नागौर, भीलवाड़ा, टोंक, उदयपुर, राजसमंद, प्रतापगढ़, डूंगरपुर, चित्तौड़गढ़, बांसवाड़ा के विधायकों से मिलेंगे। लंच ब्रेक के बाद बीकानेर जिले से शुरुआत होगी। इसके बाद चूरू, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, बाड़मेर, जोधपुर, जैसलमेर, जालौर, पाली और सिरोही के विधायकों से वन-टू-वन मुलाकात होगी।

गहलोत समर्थक 13 निर्दलीय विधायकों को भी बुलाया

अजय माकन ने रायशुमारी के लिए सरकार को समर्थन दे रहे 13 निर्दलीय विधायकों को भी बुलाया गया है। आज राष्ट्रीय लोकदल के विधायक तकनीकी शिक्षा राज्य मंत्री सुभाष गर्ग भी रायशुमारी में शामिल हुए।

विधानसभा स्पीकर सीपी जोशी से मुलाकात करते अजय माकन
विधानसभा स्पीकर सीपी जोशी से मुलाकात करते अजय माकन

रायशुमारी से पहले विधानसभा स्पीकर सीपी जोशी के घर जाकर मुलाकात

अजय माकन ने सुबह रायशुमारी से पहले विधानसभा स्पीकर सीपी जोशी के बंगले पर जाकर उनसे मुलाकात की। सीपी जोशी के बड़े भाई ओमप्रकाश जोशी का हाल ही निधन हुआ है, अजय माकन ने उनके आवास पर जाकर संवेदना जताई।

मंत्रियों को हटाने का आधार बनेगी यह मुलाकात

अजय माकन की विधायकों से रायशुमारी की एक रणनीतिक वजह भी बताई जा रही है। विधायकों के साथ की जा रही यह चर्चा मंत्रियों को हटाने के आधार के तौर पर काम आएगी। जिन मंत्रियों को बाहर किया जाएगा, उन्हें विधायकों की राय का तर्क दे दिया जाएगा। इसके अलावा गहलोत सरकार को लेकर विधायक क्या सोचते हैं इसका एक ताजा फीडबैक भी मिल जाएगा।हटाए जाने की चर्चाओं पर

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