तीसरी लहर से बचने की तैयारी:CHC-PHC होंगे कोविड केयर सेंटर में तब्दील, हर सेंटर पर ऑक्सीजन कंसंट्रेटर, कॉन्ट्रैक्ट पर एक हजार डॉक्टर, 25 हजार नर्सिंगकर्मी लिए जाएंगे

जयपुर8 महीने पहले
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विश्व स्वास्थ्य संगठन की ओर से राजस्थान को आज 100 ऑक्सीजन कंसन्ट्रेटर दिए गए। - Dainik Bhaskar
विश्व स्वास्थ्य संगठन की ओर से राजस्थान को आज 100 ऑक्सीजन कंसन्ट्रेटर दिए गए।

राजस्थान में कोरोना की दूसरी लहर से मचे हाहाकार को देखते हुए गहलोत सरकार ने अभी से तीसरी लहर से बचने की तैयारियां शुरू कर दी। इसके लिए सरकार एक हजार डॉक्टर्स और 25 हजार नर्सिंग स्टाफ कॉन्ट्रैक्ट पर लेगी, ताकि इनकी सेवाएं गांव और शहरों में बने प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र (पीएचसी), सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र (सीएचसी) पर ली जा सके। इन पीएचसी, सीएचसी को सरकार ने कोविड केयर सेंटर के रूप में तब्दील करना शुरू कर दिया है। वहीं राज्य के तमाम अन्य उप स्वास्थ्य केन्द्र और जिला अस्पताल जहां सेंट्रलाइज्ड ऑक्सीजन सप्लाई की व्यवस्था नहीं है। वहां मैकेनिज्म डवलप करना शुरू कर दिया है, ताकि मरीजों को ऑक्सीजन को लेकर कोई समस्या न आए।

चिकित्सा मंत्री रघु शर्मा की माने तो विशेषज्ञों का कहना है कि कोरोना की तीसरी लहर इस साल सितम्बर-अक्टूबर में आने की आशंका है। इस लहर में छोटे बच्चों के बीमार होने का खतरा ज्यादा है। चिकित्सा मंत्री ने बताया कि इसे देखते हुए सरकार ने अभी से तैयारियां शुरू कर दी है। प्रदेश के सभी बच्चों के अस्पताल और वे अस्पताल जहां बच्चों के जन्म होते हैं, वहां सेंट्रलाइज्ड ऑक्सीजन सप्लाई का सिस्टम विकसित करने की कार्रवाई शुरू कर दी है। साथ ही हर जिला अस्पताल पर ऑक्सीजन प्लांट हो इसके लिए टेंडर कर दिए है। चिकित्सा सचिव सिद्धार्थ महाजन ने बताया कि प्रदेशभर में 345 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को कोविड कंसल्टेशन एवं कोविड केयर सेंटर के रूप में विकसित किया है और आगे भी काम चल रहा है। उन्होंने बताया कि राज्य में अब तक 6500 ऑक्सीजन कंसन्ट्रेटर आ चुके है, जिनसे ऑक्सीजन बेड की संख्या बढ़ी है।

हर पीएचसी में लगेंगे ऑक्सीजन कंसंट्रेटर

राज्य में अब कोरोना गांवों में तेजी से फैल रहा है। गांवों के हल्के व मध्यम लक्षण वाले मरीजों को गांवा व कस्बों में ही इलाज मिल सके इसके लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र (पीएचसी) और सीएचसी में बने बेड्स काे कोविड मरीजों के लिए रिजर्व किया जा रहा है। सरकार जल्द ही हर पीएचसी पर 5 और सीएचसी पर 10 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर रखवाएगी। साथ ही इन सेंटर पर मौजूद बेड्स की स्थिति को देखते हुए बैकअप के तौर पर ऑक्सीजन सिलेंडर और आवश्यक दवाइयां भी भेजी जाएंगी।

11 लाख परिवारों का होगा घर-घर सर्वे

कोरोना को लेकर मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में कल हुई एक वीसी में अतिरिक्त मुख्य सचिव सुधांश पंत ने जयपुर जिले में कोरोना संक्रमण के प्रसार को रोकने की नई रणनीति के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि 1200 टीमें गठित की गई है, जो आने वाले दस से बारह दिनों में 11 लाख परिवारों के घर-घर सर्वे का काम करेंगी। जहां ये टीम संदिग्ध रोगियों की पहचान करेगी और इनके ट्रीटमेंट के साथ वहां कंटेनमेंट जोन के लिए सिफारिश करेगी।

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