मानसून की राजस्थान से विदाई शुरू:बीकानेर, जोधपुर संभाग में मानसून सीजन खत्म, अगले सप्ताह तक पूरे राजस्थान से विदा हो जाएगा

जयपुर2 महीने पहले
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अब तक औसतन 46 इंच से ज्यादा बारिश हुई, जो सबसे ज्यादा है। - Dainik Bhaskar
अब तक औसतन 46 इंच से ज्यादा बारिश हुई, जो सबसे ज्यादा है।

राजस्थान में चार महीने पहले आए मानसून की विदाई अब शुरू हो गई है। पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर और जोधपुर संभाग से यह विदा हो गया। इन जिलों में मौसम पूरी तरह साफ हो गया है। अगले 2-4 दिन में यह उत्तरी क्षेत्र और पूर्वी क्षेत्र से भी चला जाएगा। मानसून के साढ़े तीन महीने तक एक्टिव रहने के कारण इस बार प्रदेश में सामान्य से 17 फीसदी ज्यादा औसत बारिश हुई। जिलेवार स्थिति देखें तो इस साल प्रतापगढ़ जिले में अब तक औसतन 46 इंच से ज्यादा बारिश हुई, जो सबसे ज्यादा है।

जयपुर मौसम विभाग के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि पश्चिमी राजस्थान और गुजरात के कुछ हिस्सों से मानसून विदा हो चुका है। उत्तर पश्चिम भारत में वातावरण से नमी बहुत कम हो गई। इस स्थिति को देखते हुए मानसून की विदाई की घोषणा की है। पिछले 5 सालों की स्थिति देखें तो इस बार मानसून देरी से विदा होगा। साल 2020 में 28 सितंबर को मानसून की विदाई की हुई थी। इसी तरह साल 2019 में 9 अक्टूबर, 2018 में 29 सितंबर, 2017 में 27 सितंबर और 2016 में 15 सितंबर से मानसून की विदाई हुई थी।

सितंबर में हुई सबसे ज्यादा बारिश
इस साल मानसून की मेहरबानी सबसे ज्यादा सितंबर के महीने में रही। पूरे सितंबर में इस बार राज्य में औसतन 175.3MM बारिश हुई, जो जून, जुलाई और अगस्त महीने में हुई बारिश से भी ज्यादा रही। जून में 53.1, जुलाई 130.8, अगस्त 126.1 MM पानी गिरा।

इन जिलों में हुई सामान्य से कम बारिश
राजस्थान में जिलेवार स्थिति देखें तो इस बार श्रीगंगानगर, पाली, जालौर, बाड़मेर, उदयपुर, सिरोही, डूंगरपुर और बांसवाड़ा में औसत से कम बारिश हुई। सिरोही में औसत से 33 फीसदी, श्रीगंगानगर में 29, पाली, जालौर में 12-12, उदयपुर, डूंगरपुर में 11-11 फीसदी कम बारिश हुई। वहीं बारां में 46, बूंदी में 55, कोटा में 51, सीकर में 49, चूरू में 65 और जैसलमेर में 69 फीसदी ज्यादा पानी गिरा।