किसानों को अनुदान:यूनिवर्सल सोलर पंप कंट्रोलर लगाने के लिए किसानों को अनुदान मिलेगा

टोंकएक महीने पहले
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प्रदेश भर में कृषकों को अनुदान सहायता पर विभाग द्वारा स्थापित सौर ऊर्जा पम्प संयंत्रों से उत्पादित ऊर्जा के उपयोग के लिए राष्ट्रीय कृषि विकास योजनांतर्गत किसानों को सरकार ने एक और तोहफा देते हुए यूनिवर्सल सोलर पम्प कंट्रोलर लगाने की योजना शुरू की है। सहायक निदेशक उद्यान ने बताया कि किसान सौर ऊर्जा की बिजली से अन्य कृषि उपकरण यथा चाफ कटर, आटा चक्की, डीप फ्रिज, मिनी कोल्ड स्टोरेज, बल्क मिल्क चिलर, थ्रेसिंग व विनोईंग अथवा फल-सब्जी सुखाने की मशीन आदि चला सकेंगे। यूनिवर्सल सोलर पम्प कंट्रोलर लगाने के लिए सरकार द्वारा किसानों को 60 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा। राज्य सरकार के उद्यान विभाग ने राष्ट्रीय कृषि विकास योजनांतर्गत यूनिवर्सल सोलर पम्प कंट्रोलर आधारित कृषि उपकरण संचालन की योजना 2021-22 को लेकर दिशा निर्देश जारी किए हैं।

इस योजना में जिन किसानों के 3 एच.पी. या 5 एच.पी. क्षमता तक सौर ऊर्जा पम्प संयंत्र लगे हुए है एवं पांच वर्ष पूर्ण हो गए हैं, उन्हें लाभान्वित किया जाएगा।इन सौर ऊर्जा संयंत्रों का उपयोग वर्ष में लगभग 150 दिन ही हो पाता है। शेष दिनों में सोलर पैनल द्वारा उत्पादित की जा रही सौर ऊर्जा का उपयोग नहीं हो पाता है। ऐसे समय में उत्पादित होने वाली सौर ऊर्जा को कृषक अन्य कृषि उपकरणों यथा चाक कटर, आटा चक्की, डीप फ्रिज, मिनी कोल्ड स्टोरेज, बल्क मिल्क चिलर, थ्रेसिंग व विनोईंग अथवा फल सब्जी सुखाने की मशीन आदि चलाने में कर सकेंगे।

हर जिले में होंगे 10 हजार कंट्रोलर स्थापितपरियोजना वर्ष 2021-22 के तहत प्रदेश के सभी जिलों में कुल 10 हजार यूनिवर्सल सोलर पम्प कंट्रोलर स्थापित किए जाने है, इसमें टांेक जिले को सामान्य श्रेणी में 120, अनुसूचित जाति श्रेणी में 30 एवं अनुसूचित जनजाति श्रेणी में 30 लक्ष्य कुल 180 लक्ष्य आवंटित किये गये हैं। विभाग द्वारा 3 एचपी. एवं 5 एच.पी. सोलर पम्प कंट्रोलर संयंत्र की बेस रेट 90 हजार 387 रुपए व 93 हजार 109 रुपए हैं।

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