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अच्छी पहल:हल्के लक्ष्ण वाले मरीजों को घर-घर वितरित होंगे दवा किट; पॉजिटिव के संपर्क में आए मरीजों को भी मिलेगा लाभ

टोंक2 महीने पहले
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  • गंभीर मरीजों को अस्पताल में करेंगे भर्ती

राजस्थान में राज्य सरकार घर-घर पहुंचाएगी कोविड ट्रीटमेंट किट। कोरोना से बचाने के लिए पेरासेटामोल, लिवोसिट्राजिन सहित 5 तरह की दवाइयां देगी।सरकार जो कोरोना के हल्के लक्षण के समय मरीजों को दी जाती है। इन किटों को पहली प्राथमिकता के आधार पर उन घरों में भिजवाया जाएगा, जहां कोविड मरीज होम आइसोलेशन में हैं।

इसके अलावा उन एरिया में भी प्राथमिकता से वितरित करवाया जाएगा, जहां सबसे ज्यादा पॉजिटिव केस मिल रहे हैं। इन दवाइयों के प्रयोग से हल्के लक्षण वाले मरीजों व उनके संपर्क में आए मरीजों को लाभ मिल सकेगा। डिप्टी सीएमएचओ मेहबूब ने बताया कि कोरोना ट्रीटमेंट किट में एजीथ्रोमायसिन (AZITHROMYCIN) टेबलेट 500 एमजी की 3 गोली, पैरासेटामोल (PARACETAMOL) 500 एमजी की 10 गोली, लिवोसिट्राजिन (LEVOCEITRIZINE) 50 एमजी की 10 गोली, जिंक सल्फेट (ZINC SULPHATE ) 10 एमजी की 20 गोली और एस्कोरबिक एसिड (ASCORBIC ACID) 500 एमजी की 10 गोली।

विदित है कि चिकित्सा, शिक्षा, आयुर्वेद, icds की टीम स्थानीय प्रसाशन के supervision में पूरे जिले में सर्वे टीमों द्वारा 25 अप्रैल से घर घर सम्पर्क अभियान के तौर पर खांसी, जुकाम, बुखार के व्यक्तियों को चिन्हित कर उनको घर पर ही मेडिसिन किट उपलब्ध करवाई जा रही हैं। ताकि लक्षण वाले व्यक्तियों का समय पर स्क्रीनिंग हों कर उपचार प्रारम्भ हो सके ताकि गंभीर लक्षणों की संभावना को कम किया जा सके।

कलेक्टर द्वारा भी उक्त कार्यक्रम की फील्ड में जाकर नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है। उल्लेखनीय है कि 25 अप्रैल से अब तक जिले में गठित 1324 सर्वे दल द्वारा पूरे जिले में 316356 घरों में जाकर जानकारी जुटाई गई है, जिसमें 1617385 सदस्यों की स्क्रीनिंग की गई है। स्क्रीनिंग के उपरांत 9698 लोगों के खांसी, जुखाम, बुखार के लक्षण मिले हैं ।

सभी चिन्हित व्यक्तियों की मेडिसिन किट व आवश्यक चिकित्सकिय परामर्श उपलब्ध कराया गया है। फॉलोअप विजिट के दौरान सुधार नहीं होने वाले व्यक्तियों को चिकित्सक से परामर्श के लिए phc, chc पर भिजवाया गया है। उल्लेखनीय है कि क्षेत्र में किसी के भी खांसी, जुकाम व बुखार में से कोई भी लक्षण होने पर अपने पास की आशा, आंगनबाड़ी या anm बहन जी से तुरंत सम्पर्क कर सकते है।

उनके द्वारा उनकी स्क्रीनिंग कर आवश्यक दवा किट उपलब्ध करा दी जाएगी। साथ ही लक्षणों में सुधार नहीं होने पर सम्बधित चिकित्सक द्वारा आवश्यक परामर्श दिया जाएगा। कोरोना के लक्षण आने पर तुरंत उपचार अतिआवश्यक है।

लक्षण आने पर भी लापरवाही बरतने पर कई व्यक्तियों के कॉम्प्लिकेशन होने की सम्भवना रहती हैं। उल्लेखनीय है कि उक्त मेडिसिन किट की दवाइयां की विशेष चिकित्सकों द्वारा अनुशंसा की गई है। विभाग द्वारा सर्वे टीम आने पर लक्षण नहीं छिपाने तथा सर्वे टीम का सहयोग करने एवम मेडिसिन किट की दवा पूरी तथा बताए निर्देश अनुसार लेने को कहा गया है।

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