छात्रसंघ इलेक्शन डेट का विरोध:तारीख बढ़ाने की मांग, बोले-सरकार मतदान से रखना चाहती है वंचित

झुंझुनूं2 महीने पहले
स्टूडेंट्स इलेक्शन डेट का विरोध।

छात्रसंघ चुनाव की तारीखों में बदलाव की मांग उठ रही है। विद्यार्थी आरोप लगा रहे हैं कि सरकार और विश्वविद्यालय प्रशासन विद्यार्थियों को मताधिकार से वंचित रखना चाहती है। एडमिशन प्रक्रिया भी पूरी नहीं हो पाएगी, इससे पहले चुनाव की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की ओर से स्टूडेंट्स इलेक्शन की डेट को लेकर आपत्ति जताई है। इस डेट को आगे बढ़ाने की मांग की है। बड़ी संख्या में विद्यार्थी कलेक्ट्रेट पंहुचे। विरोध प्रदर्शन किया। कलेक्टर को मुख्यमंत्री के नाम पत्र सौंपकर डेट को बढ़ाने की मांग रखी है।

जिला संयोजक लक्ष्मीकांत डुलगच ने कहा कि राजस्थान में छात्रसंघ चुनाव 26 अगस्त 2022 को करने का राज्य सरकार का फैसला है। लेकिन वर्तमान स्थिति में राजस्थान के विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालयों में प्रवेश प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई है।

विभाग संगठन मंत्री समशेर सिंह चौहान ने कहा कि कॉलेजों में 18 अगस्त से चुनाव प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। इसी दिन मतदाता सूची जारी होनी है। स्नातकोत्तर विद्यार्थियों की प्रवेश सभी कॉलेज, यूनिवर्सिटी में होने तय नहीं हुए कि तारीख तक होंगे। स्नातकोत्तर विद्यार्थी का प्रवेश छात्रसंघ चुनाव से पहले होना असंभव है। विधि के विद्यार्थियों का प्रवेश भी नहीं हुआ है।

प्रांत कार्यकारिणी सदस्य नितेश तिवारी ने कहा कि विधि के विद्यार्थी इस छात्रसंघ चुनाव में अपने मताधिकार के प्रयोग से वंचित रह जाएंगे। विश्वविद्यालय प्रशासन व राजस्थान सरकार लोकतंत्र की हत्या करते हुए छात्र संघ चुनाव कराना चाहती है। छात्र नेताओं ने आरोप लगाया है कि छात्रसंघ चुनाव में सरकार व प्रशासन की मिलीभगत से धांधली होने की पूरी आशंका है।

प्रदर्शन में निखिल मावंडिया, धीरज चाहर, अजय , हेमंत सैनी, भवानी सिंह, राम सिंह बिंजारा, अंजू वर्मा, कनक राजपूत , प्रियांशु, मोहित चावला, अशोक शर्मा, राहुल योगी, नवीन , अभिषेक कुमावत, मोनिका सैनी, निकिता, ट्विंकल, संगीता समेत अनेक छात्र छात्राएं उपस्थित रहे।