दो दिवसीय राष्ट्रीय विज्ञान सम्मेलन का समापन:देश के नामी संस्थानों के वैज्ञानिकों ने दिए व्याख्यान

पिलानी11 दिन पहले
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बिरला बालिका विद्यापीठ में चल रहे इंडियन सोसाइटी फॉर द स्टडी ऑफ रिप्रोडक्शन एंड फर्टिलिटी (ISSRF) के तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय विज्ञान सम्मेलन का आज शाम समापन किया गया।

"जीवन शैली रोग- किशोरों के लिए चिंता का विषय" पर आधारित इस राष्ट्रीय विज्ञान सम्मेलन में देश के सुविख्यात संस्थानों से 20 से अधिक चिकित्सकों एवं वैज्ञानिकों ने अपने व्याख्यान प्रस्तुत किए। सम्मेलन के मुख्य अतिथि पद्म विभूषण प्रोफेसर जीपी तलवार (फाउंडर डायरेक्टर ऑफ तलवार शोध संस्थान) तथा विशिष्ट अतिथि डॉ. वीपी कंबोज (चेयरमैन, बीसीआईएल, नई दिल्ली व सीडीआरआई, लखनऊ के फॉर्मर डायरेक्टर) थे। सम्मेलन के द्वितीय दिवस के प्रथम सत्र के अध्यक्ष डॉ. अरुण चौगुले थे। डॉ. एनके लोहिया, डॉ. आरएस शर्मा, डॉ. रीता सिंह, प्रो. केके शर्मा, डॉ. बरखा खिलवानी ने कैंसर, मोबाइल, माहवारी, शारीरिक स्वच्छता आदि विभिन्न विषयों पर व्याख्यान दिए।

दिवस के अगले सत्र के अध्यक्ष: डॉ प्रदीप कुमार, जैव प्रौद्योगिकी वैज्ञानिक (राजीव गांधी केंद्र, तिरुवनंतपुरम) थे।

द्वितीय सत्र में डॉ. एएस अंसारी ने बांझपन के लिए जीवन शैली की प्रासंगिकता व उपचार के तरीकों पर प्रकाश डाला। डॉ. अंजलि पाठक, डॉ. शिप्रा गोयल, तिमांशी चांसोरिया ने भी कई विषयों पर सार्थक चर्चा की।

सम्मेलन में पिलानी के सभी प्रमुख विद्यालयों के शिक्षक एवं छात्र-छात्राओं ने भी भाग लिया। सत्र के दौरान विद्यार्थियों के लिए प्रश्नोत्तरी एवं पोस्टर मेकिंग गतिविधियां भी आयोजित की गई। फीडबैक सत्र में छात्राओं ने अतिथियों से की तरह के प्रश्न पूछे और अपनी शंकाओं का निवारण किया।

बिरला शिक्षण संस्थान के निदेशक मेजर जनरल एस एस नायर ने इस राष्ट्रीय विज्ञान सम्मेलन के सफल आयोजन पर विद्यालय की सराहना की। प्राचार्या डॉ. एम कस्तूरी ने सभी अतिथियों द्वारा प्रस्तुत सारगर्भित व्याख्यानों की प्रशंसा करते हुए आभार जताया।

कार्यक्रम की संयोजिका अनिता मिश्रा ने दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी की रूपरेखा पर प्रकाश डाला तथा अंत में विद्यालय की डीन ऑफ एकेडमी अचला वर्मा ने सभी का आभार व्यक्त किया।

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