पुलिस पर जानलेवा हमले के दो आरोपी गिरफ्तार:2 महीने से थे फरार, पहले पकड़ा जा चुका एक बदमाश

पिलानी7 दिन पहले
  • कॉपी लिंक

पिलानी पुलिस ने 2 महीने पहले पुलिस पर हमला कर फरार हुए 2 आरोपियों को मंगलवार को कुलोठ व झेरली से गिरफ्तार कर लिया है। थानाधिकारी रणजीत सिंह सेवदा ने बताया कि 23 नवम्बर, को लूणकरणसर थाना प्रभारी चंद्रजीत सिंह भाटी ने पिलानी थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी कि लूणकरणसर थाना क्षेत्र में हुई चोरी व नकबजनी की विभिन्न वारदातों में माल और आरोपियों की तलाश में 22 नवम्बर को पुलिस टीम झुंझुनू की तरफ रवाना हुई थी।

दरअसल, लूणकरणसर पुलिस को यह सूचना मिली थी कि सभी वारदातों में वीरेंद्र सिंह, अनिल धाणका व संदीप मील शामिल हैं जो कि पिलानी थाना क्षेत्र के झेरली और चूरू जिले के थिरपाली बड़ी के रहने वाले हैं। पुलिस को तीनों आरोपियों की लोकेशन का इनपुट भी मिल गया था, जिसके बाद ही लूणकरणसर व गजनेर थानों की पुलिस टीम पिलानी आई थी।

आरोपियों ने गाड़ी को बैक करते हुए पुलिस की गाड़ी पर ही चढ़ा दी थी।
आरोपियों ने गाड़ी को बैक करते हुए पुलिस की गाड़ी पर ही चढ़ा दी थी।

पुलिस को पुख्ता सूचना मिली थी कि तीनों आरोपी विरेंद्र सिंह, संदीप मील और अनिल धाणका सफेद रंग की पिक अप नंबर आरजे 10 जीबी 6611 से थिरपाली से नरहड़ की तरफ जा रहे हैं। सूचना पर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने नरहड़ रोड़ पर खेड़ला के पास नाकाबंदी की थी, जहां कुछ देर बाद बताए गए नंबर की पिकअप गाड़ी आती हुई भी दिख गई। लेकिन, पुलिस जाप्ते को देख कर आरोपी गाड़ी घुमा कर भागने लगे। पुलिस ने प्राइवेट गाड़ियों से आरोपियों का पीछा किया और चिड़ावा सीओ सुरेश शर्मा तथा पिलानी थाना प्रभारी रणजीत सिंह सेवदा को भी नाकाबंदी के लिए सूचित किया गया। पुलिस की गिरफ्त में आने से बचने के लिए तीनों आरोपी अपनी गाड़ी से गांवों के कच्चे-पक्के रास्तों से फरार होते हुए छापड़ा गांव तक पहुंच गए, जहां सामने दूसरी गाड़ी आ जाने पर गाड़ी को बैक करते हुए उन्होंने अपनी गाड़ी पुलिस की गाड़ी पर ही चढ़ा दी।

आरोपियों ने अपनी गाड़ी को बैक करते हुए पुलिस की गाड़ी को कई बार टक्कर मारी। बचने के लिए पुलिस कर्मी गाड़ी से नीचे कूदे, जिससे एक कॉन्स्टेबल घायल भी हो गया था। इसी दौरान आरोपियों की गाड़ी का टायर एक नाली में फंस जाने पर तीनों मुल्जिम गाड़ी से उतर कर गांव की तरफ भागे, जिनमें से 1 को मौके पर ही पुलिस ने दबोच लिया जबकि 2 अंधेरे का लाभ उठा कर फरार होने में कामयाब हो गए थे। पुलिस की गिरफ्त में आए आरोपी ने पूछताछ में अपना नाम विरेन्द्र सिंह (34) पुत्र गुलाब सिंह निवासी झेरली का होना बताया, जबकि फरार हुए दोनों आरोपी संदीप मील तथा अनिल धाणका थे।

एक आरोपी विरेन्द्र सिंह (34) पुत्र गुलाब सिंह को पुलिस ने पहले पकड़ लिया था।
एक आरोपी विरेन्द्र सिंह (34) पुत्र गुलाब सिंह को पुलिस ने पहले पकड़ लिया था।

घटना के बाद पिछले 2 महीने से दोनों फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे थे। इस दौरान पुलिस टीम द्वारा पिलानी, झेरली, सुहागों की ढाणी, थिरपाली, हमीरवास, राजगढ़, लोहारू, बहल, सूरजगढ़, चिड़ावा, झुंझुनू व जयपुर में आरोपियों की तलाश के लिए कई जगह दबिश दी गई। मंगलवार को एक आरोपी अनिल (23 वर्ष) पुत्र महावीर धाणका को झेरली से गिरफ्तार किया गया, जबकि दूसरे आरोपी संदीप मील (30 वर्ष) पुत्र रमेश मील को गिरफ्तार करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। संदीप मील मूल रूप से चूरू जिले के हमीरवास थानांतर्गत थिरपाली बड़ी का रहने वाला है। वह वारदात के बाद अपनी बहन के पास सूरजगढ़ थाना क्षेत्र के कुलोठ गांव की रोही में एक झोपड़े में अपनी पहचान छुपा कर रह रहा था। पुलिस कार्रवाई की भनक लगने पर वह सरसों के खेतों में जा कर छुप गया, लेकिन पकड़ा गया।

सभी गिरफ्तार किए गए आरोपियों के खिलाफ बीकानेर जिले के नोखा, कालू, लूणकरणसर थानों में चोरी/नकबजनी के आधा दर्जन से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। आरोपी संदीप मील आदतन अपराधी है, जिसके खिलाफ झुंझुनू, सीकर, चूरू, बीकानेर तथा हरियाणा के विभिन्न थानों में 2 दर्जन से भी ज्यादा मामले दर्ज हैं। आरोपियों की गिरफ्तारी में पिलानी थाने के कॉन्स्टेबल प्रवीण कुमार का विशेष योगदान रहा।

खबरें और भी हैं...