इस्तीफे का दौर थमा नहीं:सीएएस की सीरियसनेस: जेएनवीयू में दो और विभागाध्यक्ष ने दिया इस्तीफा, 1 माह में 4 दे चुके

जोधपुर2 महीने पहले
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  • कॅरियर एडवांसमेंट स्कीम के तहत पदोन्नति लेने की बजाय पद छोड़ने का सिलसिला

जयनारायण व्यास विश्वविद्यालय में जब से कॅरियर एडवांसमेंट स्कीम (सीएएस) के तहत पदोन्नति की प्रक्रिया शुरू हुई है, डीन व विभागाध्यक्षों ने इस्तीफे देना शुरू कर दिया। यह दौर अब भी जारी है। हाल ही में विश्वविद्यालय के दो और विभागाध्यक्षों ने पद से इस्तीफे दिए हैं। कारण यह कि ऑर्डिनेंस 317 व 317(बी) के अनुमोदन पर सवाल उठ चुके हैं। बिना अनुमोदन अथवा गलत तरीके से पदोन्नतियां करने पर विभागाध्यक्ष व डीन ही जिम्मेदार माने जाएंगे।

जेएनवीयू में कॅरियर एडवांसमेंट स्कीम के तहत पदोन्नतियों की प्रक्रिया चल रही है। पदोन्नति की प्रक्रिया शुरू होने के कुछ समय बाद विज्ञान संकाय के तत्कालीन डीन प्रो. अशोक पुरोहित ने इस्तीफा दे दिया था। उनके इस्तीफे के बाद यह पद प्रो. सीमा कोठारी को सौंपा गया। उन्होंने भी इस पद से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद प्रो. पवनकुमार कसेरा को नियुक्ति दी गई। इसके बाद भी इस्तीफे का दौर थमा नहीं है।

हाल ही में विज्ञान संकाय के एक प्रोफेसर व वाणिज्य संकाय के एक प्रोफेसर ने विभागाध्यक्ष से इस्तीफा दिया है। जानकारों के अनुसार इस पदोन्नति प्रक्रिया में वर्ष 2013 की शिक्षक भर्ती में नियुक्ति पाने वाले शिक्षकों की भी पदोन्नतियां होनी हैं। इसकी नियुक्तियांे का मामला अभी भी न्यायालय में लंबित है। वहीं सीएएस के ऑर्डिनेंस को भी यूजीसी की सिफारिशों के अनुसार नियमानुसार अनुमोदित नहीं करवाया गया है।

प्रो. अशोक पुरोहित
सीएएस के तहत पदोन्नति प्रक्रिया शुरू होने के बाद पहला इस्तीफा विज्ञान संकाय के तत्कालीन प्रो. अशोक पुरोहित ने दिया। उन्होंने 17 अगस्त 2021 को इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद उनके स्थान पर प्रो. सीमा कोठारी को पदभार सौंपा गया।

प्रो. हरचंद डागला
जेएनवीयू के बॉटनी विभाग के अध्यक्ष प्रो. हरचंद डागला ने दो दिन पहले विभागाध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया है। इनके स्थान पर वरीयता के आधार पर प्रो. सुनीता अरोड़ा विभागाध्यक्ष होंगी, लेकिन वे भी पद पर बने रहने के लिए तैयार नहीं हैं।

प्रो. सीमा कोठारी
प्रो. अशोक पुरोहित को इस्तीफा देने के बाद विश्वविद्यालय की ओर से प्रो. सीमा कोठारी को डीन बनाया गया। उन्होंने उसी दिन कार्य करने में असमर्थता जताते हुए, डीन पद से इस्तीफा दे दिया तथा फिर प्रो. पवन कुमार कसेरा को डीन बनाया गया।

प्रो. सुनील मेहता
जेएनवीयू के बिजनेस फाइनेंस एंड इकॉनोमिक्स विभाग में कुछ माह पूर्व विभागाध्यक्ष बने प्रो. सुनील मेहता ने भी पद से इस्तीफा दे दिया है। अब वरीयता के आधार पर विभागाध्यक्ष प्रो. डूंगरसिंह खींची होंगे। उनकी भी रुचि नहीं है।

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