स्टीम सेंटर स्थापित:कोरोना के प्रभाव को कम करने के लिए स्टीम का उपयोग सर्वाधिक लाभदायी

जोधपुर6 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
  • डॉक्टर मेहरा ने फलोदी में स्थापित किया स्टीम सेंटर

वरिष्ठ महिला रोग एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ डॉ. निरंजन मेहरा ने कोरोना वायरस के प्रभाव को कम करने के लिए स्टीम सेंटर स्थापित किया है। उन्होंने कहा है कि शीघ्र ही फलोदी नगरपालिका क्षेत्र में और विभिन्न गांवों में स्टीम सेंटर खोले जाएंगे ताकि लोग इसका लाभ उठा सकें।

यह स्टीम सेंटर नागौर रोड पर उनके क्लीनिक के बाहर स्थापित किया गया है, कोई भी व्यक्ति यहां आकर स्टीम ले सकता है। उन्होंने बताया कि खांसी, जुकाम के मरीजों और संभावित कोरोना मरीजों को स्टीम देकर वायरस के प्रभाव को कम करने का प्रयास करेंगे। सुबह शाम 5 मिनट तक भाप लेने से कोरोना वायरस के प्रभाव को मात दी जा सकती है।

उन्होंने कहा कि भाप नाक के साथ गले और जाम फेफडे में सेनेटाइजर का काम करती है। वायरस नाक और गले के म्यूकस मेम्ब्रेन के रास्ते से शरीर में प्रवेश कर फेफड़ों को संक्रमित करता है। भाप लेने से फेफड़े संक्रमित होने से बच जाएंगे। अगर एक बर्तन में एक लीटर गरम पानी लेकर सिर को तोलिए से ढक लें और 2 से 5 मिनट तक श्वांस लें।

डॉ. मेहरा ने ‘गरारे किए क्या’ अभियान की चर्चा करते हुए कहा कि सुबह शाम नमक और हल्दी मिला कर गरारे करना भी बहुत लाभकारी है। इसे संक्रमित और स्वस्थ व्यक्ति को भी करना चाहिए। आज के समय में व्यक्ति कब वायरस की चपेट में आ जाए कुछ कहा नहीं जा सकता इसलिए बचाव के जितने भी तरीके हैं सभी उपयोग में लेने चाहिए।

खबरें और भी हैं...