पैंथर का आतंक:कुडगांव और भरतून वन क्षेत्र के गांवों में पैंथर का आतंक

सपोटरा14 दिन पहले
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उपखण्ड में कुडगांव और भरतून क्षेत्र के गांवों में एक माह से पेन्थरो का आतंक बना हुआ है। जिसके कारण कास्तकार रात्रि को फसलो में सिंचाई करने से कतरा रहे हैं। पूर्व जिला परिषद सदस्य रामधन बैरवा ने बताया कि एक माह से हरिसिंहपुरा गांव के इर्द-गिर्द एक पेन्थर व दो शावक तथा ईनायती व भरतून क्षेत्र में करीब 2-3 पेन्थर विचरण कर रहे हैं। जिनके द्वारा ईनायती से टोटपुरा सड़क मार्ग पर दो नील गाय के बच्चे तथा बैरूण्डा की जोगी वाली डोंगरी में एक नील गाय का शिकार किया गया।

दूसरी ओर रेती की झौपडी में 2 भेडो का 2-3 दिन पूर्व शिकार किया गया है। सोमवार और मंगलवार को रबी की फसल की सिंचाई करने गये कास्तकारो द्वारा खेतो में पेन्थर होने की जानकारी मिलने पर एकत्र हाे गये। बुधवार की सुबह खेतो व पगड़ण्डी में पेन्थर के पगमार्ग मिले हैं। जिसकी शिकायत वन अधिकारियों को करने के बाद भी कोई कार्यवाही नही होने से आधा दर्जन गांवो में पेन्थर का भय बनने के साथ रोष व्याप्त है। इधर वन विभाग ने ईनायती व भरतून में पेन्थर होने की पुष्टि की है। लेकिन रेस्क्यू करने पर कन्नी काट रहे हैं।

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