व्यवस्था सुधरी:मंडी में रोज खरीद से बढ़ी जिंस की आवक, गेहूं के 15 हजार कट्‌टे आए

बारांएक वर्ष पहले
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  • कोरोनाकाल में टोकन सिस्टम से कम हो रही थी खरीद, सोशल डिस्टेंसिंग की पालना के साथ हो रही नीलामी

मंगलवार को कृषि उपज मंडी में सबसे ज्यादा करीब 15 हजार कट्टे गेहूं की तो सबसे कम 4 कट्‌टे जौ की आवक हुई। मंडी में पिछले दिनो से सभी जिंसो की खरीद प्रतिदिन की जा रही है। इससे पहले एक दिन गेहूं और एक दिन अन्य जिंसो की खरीद की जा रही थी। कोरोनाकाल के चलते मंडी में इस वर्ष टोकन सिस्टम बनाकर भी खरीद की गई थी। जिससे अभी तक किसानो से पर्याप्त खरीद नहीं हो पाई है। 

मंडी सचिव मनोज मीणा ने बताया कि मंडी में पहले भी लहसुन की खरीद प्रतिदिन की जा रही थी। मंडी मेें मंगलवार को सबसे ज्यादा सात हजार पांच सौ क्विंटल गेहूं की आवक हुई एवं सबसे कम आवक जौ की 2 क्विंटल आवक हुई। मंगलवार काे मंडी में गेहूं का अधिकतम भाव 1770, न्यूनतम भाव 1680 एवं अौसत भाव 1700 रूपए प्रति क्विंटल रहा। वहीं जौ का भाव 1326 रूपए प्रति क्विंटल रहा। मंडी में कोरोना काल के चलते मास्क व सोशल डिस्टेसिंग की पालना के लिए समझाइश की जा रही है। 

मंडी के मुख्यद्वार पर हाथ धोने के बाद ही मंडी में प्रवेश दिया जा रहा है। मानसून सीजन के तहत किसानो से खरीद शेड में ही की जा रही है। शेड भरने पर ही बाहर प्लेटफार्म पर निलामी प्रक्रिया की जा रही है। मंडी प्रशासन की कोशिश है कि बरसात में किसी भी िकसान की जिंस न भीगे। इसके लिए मंडी प्रशासन की ओर से तिरपाल की भी व्यवस्था की गई है। बरसात आने पर किसान मंडी कार्यालय से शुल्क जमा कराकर तिरपाल ले सकते है। मंडी प्रशासन की अोर से मानसून सीजन के तहत तैयारियां की जा रही है। मंगलवार को मंडी में कुल 15 हजार 455 क्विंटल जिंसो की आवक हुई।

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