विकट हालात / गर्मी व कोरोना संकट में बढ़ी पानी की जरूरत सप्लाई सिस्टम फेल, अफसर आमने-सामने

Water and Corona crisis increased; Water supply system fails, officers face to face
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Water and Corona crisis increased; Water supply system fails, officers face to face

  • शहर में 8 दिन से कम दबाव से जलापूर्ति का संकट, शुक्रवार को नहीं आया पानी

दैनिक भास्कर

May 23, 2020, 05:35 AM IST

बारां. वर्तमान में कोरोना महामारी संकट के बीच अब गर्मी परवान पर आ रही है। गर्मी में तेजी के रूख के साथ ही शहर का पानी सप्लाई सिस्टम फेल हो गया। पिछले आठ दिन से कई हिस्सों में लगातार कम दबाव से पानी पहुंचने की शिकायत बनी हुई थी। शुक्रवार को तो कई जगह नलों से पानी नहीं टपका। 2-3 घंटे इंतजार के बाद लोगों को लू के बीच पानी के इंतजाम के लिए भटकना पड़ा। 
जलदाय विभाग अधिकारी पानी के स्त्रोत हीकड़ पर बिजली सप्लाई में वोल्टेज के उतार-चढ़ाव से परेशानी को कारण बता रहे हैं। वहीं बिजली निगम के अधिकारी हीकड़ पर जलदाय विभाग के पैनल में ही टेक्निकल कमी होने का हवाला दे रहे हैं। दोनों विभागों के आमने-सामने होने से समाधान अधर में बना हुआ है। शहर में पानी सप्लाई ठप होेने पर व्यापार संगठनों ने कड़ी आपत्ति जताते हुए प्रशासन से जल्द समाधान की मांग की है।
शहर में 14 हजार से ज्यादा हैं पानी के कनेक्शन
शहर में 14 हजार 500 से ज्यादा नल कनेक्शन हैं। कोरोना संक्रमण के समय कामकाजी घर लौटने पर नहा रहे हैं। साथ ही गर्मी परवान पर होने से कूलर सहित अन्य आवश्यकताओं में पानी की खपत भी बढ़ गई है। प्रदेश में कई जगह पर पानी की सप्लाई बढ़ा दी है। वहीं शहर में सप्लाई लगातार घट रही है। इससे लोगों को ट्यूबवैल, हैंडपंप से पानी ढ़ोना पड़ रहा है।
हीकड़ और पाठेड़ा में वोल्टेज में उतार-चढ़ाव से बढ़ा संकट
जलदाय विभाग एईएन डालूराम मेहता ने बताया कि पिछले आठ दिन से हीकड़ इंटकवेल और पाठेड़ा फिल्टर प्लांट पर बिजली की समस्या आ रही है। वहां वोल्टेज कम-ज्यादा होने से पानी की मोटरें बंद हो जाती हैं। ऐसे में फिर से मोटरें शुरू होती है, तो पूरा सिस्टम चालू होता है। इसमें सुधार के लिए बिजली निगम अफसरों को अवगत कराया है। शनिवार से पानी सप्लाई सुचारू हो जाएगी।
जलदाय विभाग के पैनल में गड़बड़ी, स्टाफ भी नहीं
बिजली निगम एक्सईएन एनआर बैरवा ने बताया कि बिजली निगम की ओर से फीडर तक सुचारू रूप से बिजली दी जा रही है। जलदाय विभाग के पैनल में ही गड़बड़ी है। जिसके कारण बार-बार ट्रिपिंग की दिक्कत है। जलदाय विभाग ने टेक्निकल स्टाफ भी नहीं रख रखा है, जिससे समस्या आ रही है।
पानी और बिजली के संकट का समाधान हो : व्यापार संघ
व्यापार महासंघ अध्यक्ष ललितमोहन खंडेलवाल, संरक्षक देवकीनंदन बंसल, कैलाश जैन, पवन डोलिया, सरोज कुमार जैन, माजिद सलीम, अशोक बत्रा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष नरेंद्र बत्रा, महामंत्री प्रदीप जैन, योगेश बाठा, कोषाध्यक्ष जिनेंंद्र जैन ने बताया कि कोरोना वायरस के वैश्विक महामारी के दौर से गुजरने के बावजूद जिला मुख्यालय पर बिजली व पेयजल के हालात काफी गंभीर बने हुए है। एक पखवाड़े से अधिक समय से लगातार शिकायतों के बावजूद शहर का नियाना ग्रिड पूरी तरह फेल हो चुका है। घंटो तक बिजली बंद रहना आम बात हो गई। पिछले मंगलवार को रात्रि में 6 घंटे बिजली बंद रही, बुधवार सुबह 5 घंटे तक बिजली बंद रही। दिन में बार-बार की ट्रिपिंग की शिकायत आ रही है।

गत दिनों जिला प्रशासन की बैठक में राज्य के खान एवं गोपालन मंत्री प्रमोद भाया ने जिले में विद्युत व पेयजल व्यवस्था को सामान्य बनाने के निर्देश भी दिए थे। लेकिन हालातों में अब तक सुधार नहीं हुआ। बिजली अव्यवस्था का सीधा असर शहर की जल वितरण व्यवस्था पर दिखाई दे रहा है। जिससे एक सप्ताह से अस्पताल रोड क्षेत्र की पेयजल व्यवस्था बिल्कुल अव्यवस्थित हो रही है। तीन दिनों से यहां के बाशिंदो को पानी उपलब्ध नहीं होने के कारण महंगे टैंंकर मंगवाकर जीवनयापन करने को मजबूर है। व्यापार महासंघ ने दोनों विभागों को हालात सुधारने की मांग की है ताकि शहरवासियों को बिजली व पानी की उपलब्धता को बरकरार रखे।

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