संक्रमणकाल:जिला अस्पताल को मिले 50 रेमडेसिविर इंजेक्शन और 130 ऑक्सीजन सिलेंडर

बूंदी6 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
अस्पताल में अभी भी उपकरणों की कमी है। घर से पंखा मंगवाकर काम चला रहे मरीज। - Dainik Bhaskar
अस्पताल में अभी भी उपकरणों की कमी है। घर से पंखा मंगवाकर काम चला रहे मरीज।
  • जिला अस्पताल में 24 घंटे में 6 जनों की गई जान, इनमें कोरोना से एक मौत बताई
  • 174 पॉजिटिव रोज टूट रही है सांसें

एक दिन के इंतजार के बाद गुरुवार को जिला अस्पताल में 50 रेमडेसिविर इंजेक्शन अा गए। इंजेक्शन लगाने शुरू किए तो एक बार तो अव्यवस्था का माहौल हो गया। जिनको इंजेक्शन लगना है, उनकी तादाद ज्यादा थी, जबकि सप्लाई कम हुई। ऐसे में अस्पताल प्रशासन को व्यवस्था बनाने में समय लगा। कोरोना संक्रमित रोगियों के इलाज के लिए जिला प्रशासन एवं चिकित्सा विभाग द्वारा रेमडेसिविर एवं ऑक्सीजन के लिए हर स्तर पर प्रयास कर व्यवस्था की जा रही है।

पीएमओ डॉ. प्रभाकर विजय ने बताया कि गुरुवार को 50 रेमडेसिविर इंजेक्शन मिले हैं, जिन्हें 50 संक्रमित रोगियों को लगाया जा सका। इतने ही इंजेक्शन और आने की उम्मीद बताई।उन्होंने बताया कि ऑक्सीजन के लिए फिलहाल पर्याप्त व्यवस्था हो गई है 116 रोगियों को ऑक्सीजन की आवश्यकता है, जबकि 130 सिलेंडर मिल गए हैं। इतने ही सिलेंडर शुक्रवार को भी मिल जाएंगे। जिला अस्पताल में गुरुवार को 6 जनों की मौत हुई। इनमें से एक की कोरोना से मौत हुई है, जबकि 5 जनों ने सर्जिकल, मेडिकल आइसोलेशन में दम तोड़ दिया। अस्पताल में पिछले 8 दिन में 13 जनों की कोरोना से मौत हो चुकी है वहीं 46 ने आइसोलेशन में दम तोड़ा है।

एक्टिव केस 2 हजार पार पहुंचे जिले में गुरुवार को 174 कोरोना संक्रमित सामने आए हैं। इसके साथ ही कोरोना एक्टिव केसेस का आंकड़ा 2062 पर पहुंच गया है। गुरुवार को 48 पॉजिटिव से निगेटिव हुए हैं। अब तक 3479 पॉजिटिव से रिकवर हो चुके हैं। जिला अस्पताल के ऊपर और नीचे बने हुए कोरोना वार्ड में 60 रोगी भर्ती थे। इनमें से 30 को ऑक्सीजन चढ़ाई जा रही थी। इसी तरह सर्जिकल व मेडिकल आइसोलेशन में 80 रोगी भर्ती है, जिनमें से 54 ऑक्सीजन पर चल रहे हैं।

ग्रामीण इलाके से ज्यादा गंभीर पीड़ित आ रहे: सीएमएचओ सीएमएचओ डॉ. महेंद्र त्रिपाठी ने बताया कि ग्रामीण इलाके से आईएलआई के रोगी गंभीर होकर जिला अस्पताल में आ रहे हैं। कलेक्टर के निर्देशानुसार सभी बीसीएमओ यह सुनिश्चित करें कि एएनएम टीकाकरण के लिए जब जा रही हो तब या अपने स्तर पर टीमों का गठन कर सर्वे का कार्य कराए। आईएलआई के रोगियों के लिए दवाओं का किट बनवाकर रोगियों को दिया जाए। साथ ही उनका एसपीओ 2 भी लिया जाए 94 से नीचे होने पर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर उन्हें रैफर किया जाए, जहां से आवश्यकतानुसार आगे रैफर किया जाए।

मौत के बाद मिली कोरोना पॉजिटिव आने की रिपोर्ट नैनवां. स्थानीय सीएचसी में लिए जा रहे सैंपल की जांच रिपोर्ट दो दिन में मिल रही है। यह देरी कोरोना महामारी के लिए और घातक साबित हो रही है। शहर में 63 वर्षीय वृद्ध की बुधवार सुबह मौत होने के बाद आई जांच रिपोर्ट में उनका कोरोना पॉजिटिव होना सामने आया है। तब तक अंतिम संस्कार हो चुका था।शहर में 26 अप्रैल को 106 सैंपल लिए थे, जिनकी जांच रिपोर्ट बुधवार शाम आई। इस जांच में मृतक की पॉजिटिव आने की रिपोर्ट भी शामिल थी। रिपोर्ट सामने आने के बाद पता चला कि मृतक पॉजिटिव था। एसडीएम कार्यालय में संचालित कोरोना कंट्रोल रूम ने भी मौत होने के बाद जांच पॉजिटिव आने की पुष्टि की है।

खबरें और भी हैं...