• Hindi News
  • Local
  • Rajasthan
  • Kota
  • Country; Out Of 135 Power Stations, 108 Have Coal Less Than 7 Days, 16 Plants Have Even Been Closed, Rajasthan; 2 Out Of 4 Plants Are Closed, The Remaining 2 Have Coal Less Than 4 Days

सबसे बड़ा बिजली संकट:देश के 135 बिजली घरों में से 108 में 7 दिन से कम का कोयला, राजस्थान- 4 में से 2 प्लांट बंद हो चुके

कोटा20 दिन पहलेलेखक: अंकितराज सिंह चंद्रावत
  • कॉपी लिंक
देश के सिर्फ 22 प्लांट में ही 9 या उससे ज्यादा दिन का कोयला बचा है। - Dainik Bhaskar
देश के सिर्फ 22 प्लांट में ही 9 या उससे ज्यादा दिन का कोयला बचा है।

देश भर में कोयले की कमी से घोर बिजली संकट पैदा हो सकता है। कोयले की खदानों में पानी भरने से कोल इंडिया देशभर के बिजलीघरों की जरूरत के अनुसार सप्लाई नहीं कर पा रहा। सेंट्रल इलेक्ट्रिसिटी अथॉरिटी (सीईए) की ताजा रिपोर्ट के अनुसार देश के कुल 135 बिजलीघरों में से 108 में 7 दिन से कम का कोयला है।

इनमें 16 बिजलीघर कोयला खत्म हो जाने से बंद हो चुके हैं, जिससे 17475 मेगावाट बिजली की कमी हो चुकी है। 25 प्लांट ऐसे हैं जिनमें मात्र एक दिन का कोयला है। यदि कोयले की ट्रेन नहीं पहुंची तो 32410 मेगावाट की और कमी हो जाएगी। राजस्थान में छबड़ा थर्मल व सूरतगढ़ थर्मल प्लांट बंद हो चुके हैं। कोटा थर्मल व अडानी के कवाई स्थित थर्मल पावर स्टेशन में भी मात्र 4 दिन का कोयला बचा है।

देश में 18 प्लांटों में 2 दिन, 14 में 3 दिन, 20 में 4 दिन और 7 में 5 दिन का कोयला बचा है...यानी ये सभी सुपर क्रिटिकल स्थिति में पहुंच चुके

सेंट्रल इलेक्ट्रिसिटी अथॉरिटी के अनुसार पावर प्लांट में 0 से 5 दिन का कोयला स्टॉक हाेने पर सुपर क्रिटिकल मानते हैं। 7 से 5 दिन का काेयला हाेने पर क्रिटिकल मानते हैं। 108 प्लांट क्रिटिकल या सुपर क्रिटिकल हैं।

हरियाणा के 5 में से 3 में कोयला खत्म हो चुका है, कर्नाटक के 4 में से एक में, झारखंड के 7 में से 5 में सिर्फ एक ही दिन का कोयला शेष है...

कई राज्य ऐसे हैं, जिनके पास एक या दाे दिन का ही काेयला बचा है। हरियाणा के पांच में से तीन पावर प्लांट के पास बिल्कुल भी काेयला नहीं बचा हुआ है। दाे प्लांट के पास में 5 दिन का काेयला शेष है। कर्नाटक के चार पावर प्लांट में सिर्फ एक दिन का ही काेयला बचा है। झारखंड के पावर प्लांट के कुल 7 प्लांटाें में से पांच के पास में एक ही दिन का काेयला है।

राजस्थान के अधिकतर पावर प्लांट में काेल इंडिया से ही सप्लाई दी जाती है। पहले भुगतान के मामले को लेकर झालावाड़ की काली सिंध पावर प्लांट 20 दिन बंद हो गया था। इसके बाद छबड़ा व सूरतगढ़ यूनिट भी बंद हाे गई। मगर अब राजस्थान सरकार द्वारा नियमित तरीके से भुगतान किया जा रहा है, लेकिन काेल इंडिया के पास काेयला नहीं हाेने से सप्लाई रुकी है।

देश के 135 प्लांट में 165066 मेगावाट बिजली उत्पादन क्षमता है। रोज 1822.6 हजार टन काेयले की खपत है। इस समय केवल 7717.5 हजार टन काेयला बचा है, जाे कि सिर्फ 4 दिन तक चल सकता है।