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ये नाइंसाफी है!:कोरोना काल में नए अस्पताल में ठेका श्रमिकों का 6 दिन का वेतन काटा, अस्पतालों के ठेका श्रमिकों ने 3 मई से हड़ताल की चेतावनी दी

कोटा6 महीने पहले
अस्पतालों के ठेका श्रमिकों ने

मेडिकल कॉलेज से सम्बद्ध अस्पतालों में कार्यरत ठेका श्रमिक एक बार फिर आंदोलन की राह पर है।नए अस्पताल (कोविड डेडिकेटेड) में कार्यरत करीब 530 ठेका श्रमिकों का 6 दिन का वेतन काटा ठेकेदार द्वारा गया है। वेतन काटने से ठेका श्रमिकों को रोष व्याप्त है। कटा हुआ वेतन वापस नहीं देने पर ठेका श्रमिकों ने 3 मई से सामूहिक हड़ताल की चेतावनी दी है। ठेका श्रमिकों के हड़ताल करने से कोरोना काल में अस्पतालों में व्यवस्थाएं चरमरा सकती है। मेडिकल कॉलेज से सम्बद्ध चारों अस्पतालों में करीब 1200 ठेका श्रमिक कार्यरत है। जो कोरोना काल में एक योद्धा के रूप में कम मानदेय पर सेवाएं दे रहे है। पर्ची काउंटर, रसीद काउंटर,जांच काउंटर, लैब, वार्ड सहित अस्पतालों में सफाई कार्यो में लगे है।

नए अस्पताल में कार्यरत करीब 530 ठेका श्रमिको का 2 घण्टे के हिसाब से 6 दिन तक कर वेतन काटा है
नए अस्पताल में कार्यरत करीब 530 ठेका श्रमिको का 2 घण्टे के हिसाब से 6 दिन तक कर वेतन काटा है

ये था मामला

दरअसल नियमितीकरण की मांग को लेकर अखिल राजस्थान राज्य कर्मचारी संयुक्त महासंघ (एकीकृत) के बेनर पर प्रदेश के मेडिकल कॉलेज से जुड़े अस्पतालों में संविदा/ निविदा कर्मचारियों के द्वारा हड़ताल की गई। कोटा मेडिकल कॉलेज से सम्बद्ध सभी अस्पतालों में करीब 1200 ठेका श्रमिकों ने 22 जनवरी से 11 फरवरी तक 2 घण्टे कार्य बहिष्कार किया था। नये अस्पताल में कार्यरत करीब 530 ठेका श्रमिकों का वेतन 1200 से लेकर 2200 रुपये तक हर श्रेणी से काटा गया है।

हड़ताल की चेतावनी

राजस्थान चिकित्सा विभाग निविदा कर्मचारी संयुक्त महासंघ कोटा शाखा के अध्यक्ष दिलीप सिंगोर का कहना है कि कार्य बहिष्कार के बाद कॉलेज प्रशासन ने ठेका श्रमिकों का वेतन नही काटने की मौखिक सहमति दी थी। एमबीएस ,जेके लोन व रामपुरा अस्पताल में कार्यरत ठेका श्रमिकों का वेतन नही काटा गया। जबकि नए अस्पताल में कार्यरत करीब 530 ठेका श्रमिको का 2 घण्टे के हिसाब से 6 दिन तक कर वेतन काटा है। कोरोना काल में ये ठेका श्रमिकों के साथ सरा-सर अन्याय है। ठेका श्रमिक कम मानदेय पर भी जान जोखिम में डालकर अस्पतालों में अपनी सेवाएं दे रहे है। दिलीप ने 2 मई तक ठेका श्रमिकों का कटा हुआ भुगतान नही मिलने पर 3 मई से मेडिकल कॉलेज से संलग्न चारों चिकित्सालयों में हड़ताल की चेतावनी दी है।

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