न्यायिक कार्मिकों का सामूहिक अवकाश:कर्मचारी की संदिग्ध मौत का मामला, राज्यपाल के नाम कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन

नागौर2 महीने पहले

राजस्थान न्यायिक कर्मचारी संघ की प्रदेश महासभा के आह्वान पर जिले के समस्त न्यायिक कर्मचारी सामूहिक अवकाश पर रहे। जिलाध्यक्ष विनोद भाटी ने बताया कि जयपुर के न्यायिक कर्मचारी सुभाष मेहरा की संदिग्ध मृत्यु पर कोई प्रभावी कार्यवाही नहीं होने से जयपुर न्याय क्षेत्र के कर्मचारी विगत काफी दिनों से सामूहिक अवकाश पर चल रहे हैं।

जिस पर प्रदेश महासभा ने सम्पूर्ण राजस्थान के न्यायिक कर्मचारियों को समर्थन को लेकर आह्वान किया गया। जिस पर मेड़ता न्याय क्षेत्र के कर्मचारियों की ऑनलाइन बैठक बुलाई गई, बैठक में बहुमत से जिले के समस्त न्यायिक कर्मचारियों ने सामूहिक अवकाश का निर्णय लिया।

न्यायिक कर्मचारी संघ द्वारा मृतक सुभाष मेहरा की मृत्यु एफआईआर दर्ज कराने, मृत्यु की सीबीआई जांच कराने, न्यायालय ने चली आ रही दास व गुलामी प्रथा को बंद करने, मृतक के परिवार को मुआवजा दिलाने आदि मांगे की जा रही है।

जिन पर कोई कार्यवाही नहीं होने से मजबूरन सामूहिक अवकाश का निर्णय लेना पड़ रहा है। सामूहिक अवकाश को लेकर न्यायालय परिसर के बाहर न्यायिक कर्मचारियों द्वारा नारेबाजी को गई। इसमें जिलाध्यक्ष विनोद भाटी, प्रांतीय प्रतिनिधि ओमप्रकाश पंवार, अभिषेक माथुर, नितिन माथुर, पंकज माथुर, संजीव वर्मा, महावीर जांदू, आदर्श अरोड़ा, सोमेंद्र गौड़, भीष्म नारायण जोशी, दिनेश विश्नोई आदि सहित नागौर मुख्यालय के न्यायिक कर्मचारी शामिल रहे।