पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

मंदिर से 100 मीटर दूर मिला नवजात का शव:एक दिन की बच्ची के शरीर पर झुलसने के निशान, लोग बोले- पालने में ही डाल जाते तो जिंदा बच जाती

नागौरएक महीने पहले
  • कॉपी लिंक
नागौर के पिंडिया गांव में रेत मे पड़ा मिला बच्ची का शव। धूप के कारण शव बुरी तरह से झुलस गया। - Dainik Bhaskar
नागौर के पिंडिया गांव में रेत मे पड़ा मिला बच्ची का शव। धूप के कारण शव बुरी तरह से झुलस गया।

नागौर जिले के पिंडिया गांव में बुधवार सुबह एक नवजात बच्ची का शव मिला। एक दिन की बच्ची का शव मंदिर से करीब 100 मीटर दूर पड़ा था। बच्ची का शव बुरी तरह से झुलसा हुआ है। आशंका है कि प्रसव के तुरंत बाद ही बच्ची को फेंका गया है। स्थानीय लोगों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। नवजात के शव को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया है।

मामला जायल के पिंडिया गांव का है। बुधवार सुबह 7 बजे कुछ लोग भैरो मंदिर में दर्शन करने पहुंचे। उन्हें मंदिर से करीब 100 मीटर दूर कपड़े और प्लास्टिक बैग में कुछ चीज होने का अंदेशा हुआ। पास जाकर देखा तो वहां नवजात बच्ची का शव पड़ा था। बच्ची का शव पड़े होने की खबर पूरे गांव में आग की तरह फैल गई। मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण पहुंच गए।

शव पर गर्मी से झुलसने के निशान
बच्ची के शव पर झुलसने के निशान हैं। आशंका है कि मंगलवार दोपहर को ही बच्ची को फेंका गया है। फिलहाल, पुलिस जांच में जुटी है कि बच्ची को कब और किसने फेंका? बच्ची पहले से मृत थी या फेंकने के बाद उसकी मौत हुई। इसका भी पता लगाया जा रहा है। हालांकि, जिस तरह से बच्ची के शव पर झुलसने के निशान हैं। उससे इस बात की ज्यादा आशंका है कि बच्ची को जिंदा ही फेंका गया है।

डॉक्टर अर्जुन राम सांखला ने नवजात बच्ची के शव का पोस्टमार्टम किया। उन्होंने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बच्ची की मौत का कारण तेज धूप, धूल में पड़े रहना है। डॉक्टर ने बताया कि भ्रूण पूरे 9 माह का था और नॉर्मल डिलीवरी से हुआ है।

ग्रामीण बोले- पालने में ही डाल जाते तो जिंदगी बच जाती
नवजात बच्ची का झुलसा हुआ शव देखने के बाद ग्रामीण विचलित हो गए। लोगों ने कहा कि सरकार ने राजकीय सामान्य चिकित्सालय में पालना गृह बनाया है। इसमें अनचाहे बच्चों को रखने के लिए पालना है। इसमें डालने वाले की पहचान भी नहीं होती है। अगर किसी को बच्ची नहीं चाहिए थी तो पालने में भी डाल देते। शिशु की जान तो बच सकती थी। उसकी अच्छी परवरिश हो सकती थी।

आसपास के अस्पताल में जांच कर रही पुलिस
बच्ची को किसने फेंका? इसका पता करने के लिए पुलिस आसपास के नर्सिंग होम और अस्पतालों में जांच कर रही है। इसके अलावा, इलाके में काम करने वाली आशा बहुएं व अन्य हेल्थ वर्कर्स से भी पूछताछ की जाएगी। पुलिस को आशंका है कि या तो अनचाहा गर्भ होने के कारण किसी ने इस बच्ची को फेंका है या फिर लड़की होने के कारण किसी ने अपनी मुर्दा सोच का सबूत दिया है और बच्ची को फेंका है। क्योंकि, अगर प्रसव के बाद मौत का सामान्य मामला होता तो कोई बच्ची को तपती रेत में छोड़कर या फेंककर नहीं जाता।

(रिपोर्ट -अलीशेर खान शेरानी)

खबरें और भी हैं...

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- आज घर के कार्यों को सुव्यवस्थित करने में व्यस्तता बनी रहेगी। परिवार जनों के साथ आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाने संबंधी योजनाएं भी बनेंगे। कोई पुश्तैनी जमीन-जायदाद संबंधी कार्य आपसी सहमति द्वारा ...

और पढ़ें