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नगरपरिषद EO पर बरसी सभापति, मनमर्जी के लगाए आरोप:प्रेस वार्ता कर बोलीं सभापति बोथरा- शहर के विकास में EO कर रहे असहयोग, जवाबदेही भी नहीं दिखा रहे

नागौर2 महीने पहले
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नागौर नगरपरिषद सभापति मीतू बोथरा व उनके पार्षद पति नवरत्न बोथरा। - Dainik Bhaskar
नागौर नगरपरिषद सभापति मीतू बोथरा व उनके पार्षद पति नवरत्न बोथरा।

नगर परिषद नागौर सभापति मीतू बोथरा और उनके पार्षद पति नवरत्न बोथरा ने बुधवार को प्रेस वार्ता कर EO श्रवण राम चौधरी पर बेहद गंभीर आरोप लगाए और साथ ही पिछले दिनों EO श्रवण राम चौधरी द्वारा उन पर लगाए गए शहर के विकास कार्यों में सहयोग नहीं करने के आरोपों पर सफाई दी। इस दौरान सभापति मीतू बोथरा ने कहा कि आयुक्त सभापति और जनता के चुने हुए पार्षदों के प्रति रत्तीभर भी जवाबदेही नहीं दिखा रहे हैं। शहर के विकास से जुड़ी जरुरी फाइलें भी उन्हें नहीं भेज रहे हैं विकास में सभापति नहीं बल्कि EO द्वारा रोड़े अटकाए जा रहे हैं। नगरपरिषद से गायब 250 पत्रावलियों को लेकर EO से पूछे गए सवालों का जवाब तो वो दे नहीं रहे है और उल्टे आरोप लगा रहे हैं।

ईओ की मनमर्जी के खिलाफ नहीं झुकेंगे, जनहित में संघर्ष करेंगे और जीतेंगे

वहीं सभापति के पति और पार्षद नवरत्न बोथरा ने कहा कि ईओ की मनमर्जी के खिलाफ हम नहीं झुकेंगे और जनहित में शहर के विकास के लिए संघर्ष करते रहेंगे। नगर परिषद में आयुक्त चौधरी ने नियम विरुद्ध स्वीकृतियां जारी की हैं जिनकी नकल मांगने पर तथा निरीक्षण करने पर भी नकल नहीं दी जा रही है। नगर परिषद नागौर को लाखों रुपए राजस्व का नुकसान पहुंचाया गया है। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि आयुक्त ने सभापति को बिना जानकारी में लाए मनचाहे ढंग से टेंडर कॉल करते हुए अपने चहेतों को भुगतान कर दिया है। कोरोना काल में मिले एक्स्ट्रा फंड का भी महंगी दरों पर वस्तुएं खरीद कर गंभीर वित्तीय नुकसान पहुंचाया है।

नगरपरिषद कार्यालय नहीं आने के आरोप पर सभापति ने दी सफाई

पिछले दिनों ईओ श्रवणराम द्वारा सभापति पर कार्यालय में नहीं आने और अधिकतर समय घर पर ही रहने के आरोपों पर सफाई देते हुए उन्होंने कहा कि वो तो कार्यालय जाती है पर ईओ अधिकतर समय ऑफिस में नहीं रहते है। इतना ही नहीं उन्होंने कहा कि शहर में खुद ईओ ही अपने लोगों से अवैध निर्माणों की शिकायत करवाते है और फिर जांच के बहाने सेटिंग कर अवैध निर्माण को पनपाते हैं।

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