15 जनवरी के बाद बढ़ सकता है मौतों का आंकड़ा!:पहली वेव 9 महीने, दूसरी 23 दिन और थर्ड वेव आने में 9 दिन ही लगे

जयपुर6 महीने पहले

राजस्थान में थर्ड वेव की एंट्री हो चुकी है। पहली और दूसरी वेव को फैलने में जितना समय लगा उससे भी कम समय (महज 9 दिन) में कोरोना पूरे प्रदेश में फैल चुका है। 25 हजार से ज्यादा एक्टिव केस हो चुके हैं। कोरोना के बढ़ते मामलों पर दैनिक भास्कर ने वायरस के ट्रैंड पर एक्सपर्ट से बातचीत की। एक्सपर्ट ने दावा किया कि यदि यह वायरस बदलता है या डेल्टा से भी खतरनाक म्यूटेशन आता है तो 15 जनवरी के बाद प्रदेश में मौतों का आंकड़ा बढ़ सकता है। इसका संक्रमण पहली और दूसरी वेव के मुकाबले कई गुना तेजी से फैल रहा है।

जयपुर के CMHO-प्रथम डॉ. नरोत्तम शर्मा ने दैनिक भास्कर से बातचीत में बताया कि पहली वेव में मरीजों की संख्या 9 महीने बाद जाकर एक दिन में अधिकतम 745 तक पहुंच पाई थी। दूसरी वेव में 23 दिन बाद एक दिन में 1000 कोविड संक्रमित आए थे। जबकि तीसरी मौजूदा वेव में 9 दिन बाद ही 1866 केस एक दिन में रिकॉर्ड हो गए हैं।

15 जनवरी बाद बढ़ सकता है मौतों का खतरा
राजस्थान में मेडिकल कॉलेज लेवल पर 5 हजार सैंपल की जीनोम सीक्वेंसिंग स्टडी रिपोर्ट में चेतावनी दी गई है कि ओमिक्रॉन के लक्षण हल्के दिखेंगे। रिपोर्ट में कहा गया है कि 15 जनवरी के बाद अस्पतालों में मरीज और मौतों की संख्या बढ़ सकती है। स्टडी में सामने आया है कि कोविड के 7 वैरिएंट मुख्य रूप से एक्टिव है। इनमें सबसे ज्यादा 75.79 फीसदी डेल्टा वैरिएंट है। डेल्टा जैसा ही दूसरा वैरिएंट 15.37 फीसदी सैंपल में मिला। बाकी 9 प्रतिशत सैंपल अन्य 5 वैरिएंट के हैं। पिछले 7 दिनों में ओमिक्रॉन तेजी से फैल रहा है। फिलहाल इसका सैंपल प्रतिशत 1.03 है, लेकिन यह 5 गुना ज्यादा तेजी से फैलने लगा है।

ओमिक्रॉन कितना खतरनाक इन तीन वेव के ट्रेंड से समझे...

ट्रेंड: अप्रैल 2020 में एक दिन में 100 से ज्यादा कोरोना संक्रमित मिले। इसका पीक 30 नवम्बर 2020 को आया। जब एक ही दिन में अधिकतम 745 कोरोना संक्रमित मिले। इसके बाद पहली वेव कमजोर हो गई। कोविड की पहली वेव का पैटर्न फ्लैट यानी सीधी लाइन के तौर पर माना जाता है। पहली वेव में कभी रोजाना 1000 केस जयपुर में नहीं मिले।

ट्रेंड: 22 मार्च 2021 से दूसरी वेव की जयपुर में शुरूआत मानी जाती है। 22 मार्च 156 केस रिकॉर्ड हुए और दूसरी वेव में पहली बार आंकड़ा 100 के पार पहुंचा। 14 अप्रैल 2021 को 1325 केस जयपुर में रिकॉर्ड हुए। कुल 23 दिन में कोविड संक्रमितों का आंकड़ा 1000 के पार पहुंचा। 100 मरीज मिलने के 46 दिन बाद 7 मई को इस वेव का पीक आया। 4902 केस एक ही दिन में रिकॉर्ड हुए। जुलाई 2021 में कोविड की दूसरी वेव कमजोर पड़ गई। 15 नवम्बर को केवल 1 केस मिला। 16 नवम्बर को 10 केस रिकॉर्ड किए गए।

ट्रेंड: कोविड की मौजूदा तीसरी वेव की शुरुआत दिसम्बर 2021 से मानी जा रही है। जब पूरे महीने में एक साथ 301 केस रिकॉर्ड हुए। 30 दिसम्बर को जयपुर में एक ही दिन में 185 केस सामने आए। इसके बाद 8 जनवरी 2022 को 1866 कोविड संक्रमित रिकॉर्ड किए गए। 1000 का आंकड़ा पार करने में तीसरी वेव में केवल 9 दिन का ही वक्त लगा। जबकि दूसरी वेव में 23 दिन का वक्त लगा था। ओमिक्रॉन वैरिएंट दूसरी डेल्टा वैरिएंट के मुकाबले 5 गुणा ज्यादा तेजी से फैल रहा है। जबकि इसका अभी पीक आना बाकी है।