राजस्थान में 111 बांध लबालब:एक महीने पहले सिर्फ 6 बांध फुल थे, 16 दिन की बारिश में 87 बांधों में 90% पानी आया; पश्चिमी राजस्थान अब भी सूखा, अकाल की आशंका

जयपुर4 महीने पहलेलेखक: दिनेश पालीवाल

राजस्थान में इस मानसून सीजन की बारिश का पहला दौर थम गया है। इस सेशन में पूर्वी राजस्थान में हुई जबरदस्त बारिश से यहां के कई बांध लबालब हो गए। राज्य में एक माह पहले तक केवल 6 बांध ही फुल थे। अब इनकी संख्या बढ़कर 117 हो गई है। 25 जुलाई से 10 अगस्त तक हुई 16 दिनों की बारिश ने पूर्वी क्षेत्र की तस्वीर ही बदल दी। पश्चिमी राजस्थान (जोधपुर, पाली, बाड़मेर, जालोर, सिरोही, बीकानेर, चूरू, हनुमानगढ़ और गंगानगर) में बारिश कम होने के कारण हालात विकट होते जा रहे हैं। इस इलाके में अकाल की आशंका जताई जा रही है।

जयपुर के छापरवाड़ा बांध में आया पानी।
जयपुर के छापरवाड़ा बांध में आया पानी।

277 बांध में पानी नहीं

जलसंसाधन विभाग के रिकॉर्ड के मुताबिक, कोटा संभाग के कुल 87 बांधों में 90 फीसदी तक पानी आ चुका है। सबसे बुरी स्थिति जोधपुर संभाग की है। यहां 123 बांधों या तालाबों में 5 फीसदी ही पानी है। जल संसाधन विभाग से मिली रिपोर्ट को देखें तो राजस्थान में छोटे-बड़े कुल 727 बांध हैं। 117 बांध पूरी तरह भर गए हैं। 277 अब भी ऐसे है, जिनमें पानी नहीं आया।

38 फीसदी बांधों में अभी भी पानी नहीं

राजस्थान के सभी जिलों में छोटे-बड़े कुल 727 बांध हैं। 38 फीसदी बांध ऐसे हैं, जिनमें अब भी पानी नहीं आया है। इन बांधों की संख्या 277 है। इसमें जयपुर का रामगढ़, कालख सागर भी शामिल है। जयपुर में छोटे-बड़े कुल 31 बांध और तालाब हैं। 13 ऐसे बांध है, जो पूरी तरह सूखे पड़े हैं। 8 बांध व तालाब फुल हैं। शेष बांधों में आंशिक पानी है।

जयपुर में खाली पड़ा कालख सागर बांध।
जयपुर में खाली पड़ा कालख सागर बांध।

पिछले साल के मुकाबले 13 फीसदी ज्यादा पानी

राजस्थान में साल 2020 की तुलना में इस बार बारिश अच्छी होने से बांधों में पानी भी ज्यादा आया है। साल 2020 में 11 अगस्त तक बांधों में कुल भराव क्षमता का 43 फीसदी पानी आया था। इस बार ये बढ़कर 56.34 फीसदी पर पहुंच गया। धौलपुर के पार्वती बांध भरने के कारण बीच में ही पानी छोड़ना पड़ा था। बीसलपुर बांध की स्थिति देखें तो इस साल 25 जुलाई तक यहां 23.47 फीसदी ही पानी था। 17 दिन में ये बढ़कर 34.29 फीसदी पर आ गया। प्रदेश के दूसरे सबसे बड़े बांध माही बजाज में भी 20 फीसदी पानी का गेज बढ़ गया है। जयपुर, अजमेर के पूरे शहर और टोंक जिले (देवली, उनियारा) क्षेत्र की लाइफ लाइन माने जाने वाले बीसलपुर बांध में भी पानी की आवक होने से राहत मिली है।

जयपुर के चंदलाई बांध में आया पानी।
जयपुर के चंदलाई बांध में आया पानी।

ये भी पढ़ें...

राजस्थान में कमजोर पड़ा मानसून:श्रीगंगानगर में 40 डिग्री पहुंचा पारा, जयपुर में भी बढ़ने लगी गर्मी; पूर्वी राजस्थान में कुछ स्थानों पर हो सकती है हल्की बारिश

खबरें और भी हैं...