पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

जन संकल्प से हारेगा कोरोना:पिता-पुत्र के फेफड़े 50% खराब थे, फिर भी कोरोना को हराया

झुंझुनूं24 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
सीकेआरडी में पिता पुत्र के साथ स्टाफ। - Dainik Bhaskar
सीकेआरडी में पिता पुत्र के साथ स्टाफ।
  • खंडेला के पिता-पुत्र झुंझुनूं के निजी अस्पताल में 10 दिन इलाज लेकर हुए ठीक

सीकेआरडी अस्पताल में भर्ती खंडेला के प्रवीण कुमार ने लगभग 90 प्रतिशत फेफड़े खराब होने के बाद भी हार नहीं मानी। उनका इलाज कर रहे डॉ. कुंदन सिंह मील ने प्रवीण का इलाज करते हुए उनका हौसला बनाए रखा। उन्होंने बताया कि प्रवीण को 22 मई को अस्पताल में भर्ती करवाया गया था।

उस समय उनका सीटी स्कोर 25 तथा ऑक्सीजन लेवल 50 से भी कम था। शुगर लेवल बढ़ा हुआ था तथा उस समय उनकी हालत गंभीर थी। इससे पहले मरीज ने 10 दिन तक अन्य अस्पताल में भी इलाज लिया था। डॉ. ढाका ने मरीज की लगातार काउंसलिंग कर उसका मनोबल बनाए रखा। डॉक्टर की परामर्श के अनुसार प्रोनिंग व व्यायाम किया। इस दौरान खाने पीने का ध्यान रखते हुए विपरीत परिस्थितियों के विपरीत कोरोना को मात दी। प्रवीण के पिता हीरालाल भी अस्पताल में भर्ती हुए। जिनके फेफड़े भी 50 प्रतिशत से अधिक संक्रमित थे। ऑक्सीजन लेवल भी 70 प्रतिशत और शुगर 450 के पार था, लेकिन हिम्मत नहीं आरी और डॉक्टर की सलाह व व्यायाम किया। अब दोनों स्वस्थ होकर अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया है।

खबरें और भी हैं...