यूरिया संकट:बुवाई की शुरूआत से ही जिले में चल रहा यूरिया संकट, अब तक परेशान हो रहे किसान

झुंझुनूं9 दिन पहले
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यूरिया लेने के लिए कतार में लगे ग्रामीण। - Dainik Bhaskar
यूरिया लेने के लिए कतार में लगे ग्रामीण।
  • विभाग के अनुमान से अधिक हुई डिमांड, इसलिए नहीं मिल रहा किसानों को यूरिया

जिले में यूरिया का संकट बरकरार है। इसके पीछे सरकारी महकमें भी जिम्मेदार है। दरअसल इस बार जिले में जितनी डिमांड की गई थी उसका 90 फीसदी यूरिया की आपूर्ति जिले में हो चुकी है, लेकिन अभी भी यूरिया की किल्लत बनी हुई है। दरअसल इस बार सरसों के भाव अधिक होने पर किसानों ने चने की बजाय सरसों की बुवाई अधिक की है। जिले में अक्सर सरसों की बुवाई 65 हजार हैक्टेयर में होती है।

जो इस बार बढ़कर 83 हजार हैक्टेयर से अधिक पहुंच गया। जबकि चने का रकबा कम हुआ है। चने की फसल में यूरिया की जरूरत नहीं होती। किसान सरसों व गेहूं की फसल में यूरिया डाल रहे है। कृषि विभाग व सहकारिता विभाग ने जिले में 20 हजार मैट्रिक टन यूरिया की डिमांड की। अब तक अठारह हजार मैट्रिक टन यूरिया आ चुकी है। बावजूद इसके अभी भी यूरिया की डिमांड बाकी है।

झुंझुनूं में चार घंटे में खत्म हुआ स्टाॅक, एक बार फिर किसान मायूस हाेकर लाैटे
जिले में गुरुवार को सहकारिता विभाग की ओर से झुंझुनूं, चिड़ावा, मंडावा, गुढ़ा व चनाना में 10 हजार 400 कट्टे यूरिया के आए। यूरिया आने की सूचना मिलने पर यूरिया लेने के लिए किसानों की कतार लग गई। शहर में खेमी शक्ति रौड स्थित झुंझुनूं फल-सब्जी क्रय विक्रय सहकारी समिति की दुकान पर करीब 650 कट्टे यूरिया पहुंची। सूचना पर आस-पास के गांवों के किसान दुकान पर पहुंच गए। यहां दोपहर तक लंबी कतार लगी रही। सुबह सवा नौ बजे शुरू हुआ यूरिया वितरण का काम दोपहर डेढ़ बजे तक खत्म हो गया। कई किसानों को यूरिया के बगैर ही लौटना पड़ा।

  • गुरुवार को करीब 650 यूरिया के कट्टे आए। सूचना मिलने पर सुबह नौ बजे से पहले ही आस पास के गांवों के किसानों की कतार लगा गई। जिन्हें बायोमेट्रिक से आधार कार्ड के माध्यम से यूरिया का कट्टा वितरित किया गया। - दीपक शर्मा, दुकानदार

780 बैग यूरिया आई, किसानों की लाइन लगी
स्टेशन रोड पर शुक्रवार को यूरिया वितरण हुआ। बीज भंडार को नेशनल फर्टिलाइजर लिमिटेड की किसान ब्रांड यूरिया के 780 कट्टों का लाट मिला। यूरिया आने की सूचना पर किसान सुबह छह बजे ही दुकान के सामने पहुंच गए। संचालक सुरेंद्र राव ने कोरोना गाइड लाइन के मुताबिक किसानों को टोकन वितरण कर यूरिया वितरित की। कृषि विभाग के उप निदेशक डॉ. राजेंद्रसिंह लांबा एवं सहायक उप निदेशक चिड़ावा डॉ. धर्मवीर सिंह डूडी निर्देशानुसार प्रति किसान दो बैग यूरिया उपलब्ध करवाए गए। संचालक राव ने बताया कि अगले हफ्ते इंडियन पोटाश लिमिटेड व नेशनल फर्टिलाइजर लिमिटेड का झुंझुनूं जिले में 225 एमटी यूरिया आएगा। जिसके बाद यूरिया की किल्लत नही रहेगी।

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