जिला परिषद की बैठक आज:बिना बजट, सिर्फ आदेश से दूर होने वाली 3 बड़ी समस्या नहीं सुलझा पाए अफसर, फिर इन्हीं पर होगी बहस

सीकर2 महीने पहले
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चार महीने बाद बुधवार काे जिला परिषद की साधारण सभा की बैठक हाेगी। मीटिंग जिला प्रमुख गायत्री कंवर की अध्यक्षता में सुबह 11.15 बजे जिला परिषद सभाकक्ष में होगी। मीटिंग में क्षतिग्रस्त सड़क, काेराेना से मृत्यु में भेदभाव बरतने और फसल खराबे पर हंगामा होगा। जनप्रतिनिधियों द्वारा पिछली मीटिंग में उठाए गए मुद्दों पर आज तक काम नहीं हो पाया।

दैनिक भास्कर ने सदस्यों द्वारा उठाए गए ऐसे मुद्दों की पड़ताल की। इसमें बिना बजट सिर्फ अफसरों की मॉनीरिंग के कारण समस्याओं का समाधान हो सकता था, लेकिन अफसर इन समस्याओं का भी निबटारा नहीं कर पाए। पिछली मीटिंग नाै अप्रैल काे हुई थी। ऐसे में जिला परिषद की बोर्ड मीटिंग में एक बार फिर पुराने मुद्दों पर बहस होगी। पिछली मीटिंग में बिजली व पानी से जुड़े मुद्‌दों पर हंगामा हुआ था। हालांकि इन समस्याओं का समाधान संबंधित विभाग ताे नहीं कर पाए, लेकिन अगस्त की बारिश के कारण बिजली खपत व पेयजल किल्लत की समस्याएं कुछ कम हुई है।

मंत्री ने किया था आश्वस्त
मीटिंग में रखे प्रस्ताव लक्ष्मणगढ़ विधायक गाेविंद सिंह डाेटासरा ने उपस्थित रहकर पारित किए थे। डाेटासरा ने संबंधित विभागाें काे व्यवस्थाएं लागू करने के भी आदेश दिए थे, लेकिन स्वास्थ्य विभाग के कार्मिकाें के खाली आवासाें का उपयाेग, रींगस में ट्राेमा यूनिट व विद्यालय विकास समिति में विशेष आमंत्रित सदस्य बनाने सहित करीब एक दर्जन से ज्यादा ऐसे प्रस्ताव हैं, जिनकी अनुपालना नहीं हाेने से समस्याएं यथावत हैं।

आज की मीटिंग में एजेंडे के इन बिंदुओं पर होगी चर्चा
महात्मा गांधी नरेगा योजना पूरक प्लान वर्ष 2021-22, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना का अनुमोदन सहित चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, शिक्षा, सामाजिक एवं न्याय अधिकारिता विभाग, कृषि, महिला एवं बाल विकास विभाग, विद्युत, पीडब्ल्यूडी, पेयजल की स्थिति पर चर्चा की जाएगी।

आज की मीटिंग के ये हैं तीन प्रमुख मुद्‌दे
नहीं हुआ टूटी सड़कों को सुधारने का काम

जिलेभर में ग्रामीण सड़काें के साथ ही हाईवे की सड़कें बारिश में पूरी तरह से टूट चुकी हैं। जगह-जगह गड्‌ढ़े हाेने से लाेगाें का आवागमन बाधित हाे रहा है। सफर तय करने की अवधि भी बढ़ चुकी है। पीडब्ल्यूडी द्वारा सरकार काे 17 कराेड़ का पैचवर्क का प्रस्ताव भिजवाया गया था। मंजूरी महज पांच कराेड़ की मिली है। ऐसी स्थिति में लाेगाें के सामने सड़क मार्ग प्रमुख मुद्‌दा रहेगा।

काेराेना मृत्यु क्लेम में महिला-पुरुषाें में भेदभाव
जिलेभर में काेराेना से मृत्यु के मामलाें का सही सत्यापन नहीं किए जाने व सरकार द्वारा पुरुष एवं महिला मृतकाें के आश्रिताें काे क्लेम राशि दिए जाने के संबंध में सरकार के भेदभाव के रवैए काे लेकर भी सदस्याें द्वारा हंगामा किया जा सकता है। क्याेंकि काेराेना मृत्यु क्लेम के मामलाें में सदस्याें द्वारा जिले में महिला एवं पुरुषाें के चयन में महिलाओं की अनदेखी करने की शिकायत आ रही है।

बारिश से फसल खराबे पर मुआवजे की मांग
बारिश से फसलाें में हुए खराबे का मुआवजा दिलाने की मांग काे लेकर भी मीटिंग में हंगामा हाे सकता है। क्याेंकि प्रशासन द्वारा जहां नुकसान ज्यादा हुआ है, वहां किसानाें के अनुसार गिरदावरी के लिए राजस्व विभाग की टीम नहीं पहुंची। दूसरा अगेती बुआई वाली दलहन, मूंगफली व बाजरा आदि की फसलाें में बड़े स्तर पर खराबा हुआ है। फसल बीमा कंपनी के टाेल-फ्री नंबर बंद आने की शिकायत भी सामने आई है।

विकास से जुड़े सभी कामों को प्राथमिकता दी जा रही है। जिला परिषद में मृतक आश्रितों को नियुक्ति दी गई है। सदस्यों द्वारा उठाए गए मामलों में कार्रवाई की जा रही है। अगर किसी प्रस्ताव की अनुपालना नहीं हुई है तो दिखवाया जाएगा। - गायत्री कंवर, जिला प्रमुख

ये सही है। प्रथम मीटिंग में पारित प्रस्तावाें की अनुपालना नहीं हुई है, जबकि इनमें ज्यादातर ऐसे प्रस्ताव हैं, जिनमें बजट नहीं आदेश एवं व्यवस्थाओं में बदलाव कर ही आमजन काे सुविधाएं दी जानी थी। इंद्रा चाैधरी, सदस्य, जिला परिषद

करीब एक दर्जन से ज्यादा ऐसे मामले थे, जिनमें केवल आदेशाें की ही पालना करवानी थी। अनुपालना रिपाेर्ट में ये नाै ऐसे मामले हैं, जिनकी चार माह बाद भी अनुपालन नहीं हुई है।
ताराचंद धायल, उपजिला प्रमुख

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